गजरौला पुलिस ने कार्रवाई करते हुए पूर्व जिला पंचायत सदस्य के पति मुकेश चौधरी को वन माफिया घोषित किया है। उसके खिलाफ हसनपुर और गजरौला थाने में आठ मुकदमे दर्ज हैं। जबकि, चार मुकदमे वन अधिनियम के तहत दर्ज हुए थे। मुकेश पर चोरी-छिपे जंगलों से लकड़ी काटने का आरोप है।
पुलिस के मुताबिक मुकेश चौधरी गजरौला थाना क्षेत्र के खजूरी गांव का रहने वाला है। निर्दलीय के तौर पर उसकी पत्नी उर्वशी जिला पंचायत सदस्य रह चुकी है। लगातार विवादों में रहने वाले मुकेश चौधरी पर धोखाधड़ी और मारपीट करने के भी आरोप में मुकदमे दर्ज हैं। एसपी कुंवर अनुपम सिंह ने बताया कि गजरौला पुलिस की आख्या पर मुकेश चौधरी को वन माफिया घोषित किया गया है। 45 वर्षीय मुकेश चौधरी शातिर किस्म का अपराधी है। वह आर्थिक एवं भौतिक लाभ की पूर्ति के लिए जंगल से चोरी छिपे लकड़ी काटने जैसे जघन्य अपराध करता है। मुकेश चौधरी के खिलाफ हसनपुर और थाने में आठ मुकदमे दर्ज हैं। उसके अपराधों को ध्यान में रखते हुए वन माफिया जे-48 के रूप में सूचीबद्ध किया गया है।
पत्नी को पालिकाध्यक्ष का चुनाव लड़ा चुका है मुकेश
मुकेश की पत्नी जिला पंचायत सदस्य रही है। पत्नी को मंडी धनौरा सुरक्षित सीट से विधानसभा का चुनाव लड़ाया था। जिसमें हार का सामना करना पड़ा। इसके बाद पत्नी को गजरौला नगर पालिका अध्यक्ष पद का चुनाव लड़ाया था। उसमें भी हार मिली थी।
चेक बाउंस मामले में मुकेश को हुई थी एक साल की सजा, 70 लाख जुर्माना
चेक बाउंस के मामले में न्यायालय ने मुकेश को एक साल की सजा सुनाई थी। 70 लाख रुपये का जुर्माना लगाया था। जिसमें 55 लाख रुपये मूल रकम और 15 लाख रुपये आर्थिक, मानसिक, शारीरिक क्षति के शामिल था। प्रकरण ये था कि गजरौला थानाक्षेत्र के गांव चकनवाला निवासी सूरज सिंह की मुकेश कुमार उर्फ मुकेश चौधरी से दोस्ती थी। दोनों ने साझे में हसनपुर कोतवाली क्षेत्र में एक निजी डिग्री कॉलेज के निकट जमीन खरीद कर उस पर प्लाॅटिंग की थी। सूरज सिंह ने अपनी पत्नी की जमीन बेचकर व रिश्तेदारों से उधार लेकर 55 लाख रुपये दस जनवरी-21 को गवाहों के सामने मुकेश कुमार को दिए। मगर साझे की जमीन का मुकेश कुमार ने अपने नाम बैनामा करा लिया। इतना ही नहीं मुकेश चौधरी ने सूरज सिंह को किए चेक भी बाउंस हो गए थे। 18 मई 2024 न्यायालय ने मुकदमे में सुनवाई की और साक्ष्य व सबूतों के आधार पर मुकेश कुमार को दोषी करार दिया था। साथ ही एक साल के साधारण कारावास की सजा सुनाई और 70 लाख रुपये अर्थदंड से दंडित किया था।
उझारी का निशाद उर्फ चीपा गोवध माफिया घोषित
पुलिस ने सैदनगली थानाक्षेत्र के मोहल्ला कुरैशियान उझारी के रहने वाले निशाद उर्फ चीपा को गोवध माफिया घोषित किया है। इसके खिलाफ कई थानों में 16 मुकदमे दर्ज पाए गए हैं।