अमरोहा। ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारत के मुंहतोड़ जवाब के चलते बैकफुट आए पाकिस्तान के घुटने टेकने पर अमरोहा वासियों ने जश्न मनाया। हिंदुस्तान जिंदाबाद और भारत माता की जय के नारे लगाए। हर किसी ने सेना के जवानों की सराहना की।
पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में भारत ने सात मई को पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में आतंकी ठिकानों पर ऑपरेशन सिंदूर को अंजाम दिया। बौखलाए पाकिस्तान ने भारत के सैन्य ठिकानों और नागरिक इलाकों पर हमले की कोशिश की। भारत ने पाकिस्तान को संयमित और करारा जवाब दिया।भारतीय सेना की ओर से दिए जा रहे मुंहतोड़ जवाब के चलते बैकफुट आए पाकिस्तान की पहल पर भारत संघर्ष विराम के लिए राजी हुआ है। पाकिस्तान के घुटने टेकते ही अमरोहा वासी जश्न मनाने लगे।
अमरोहा के सराफा व्यापारियों ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि भारत के सामने पाकिस्तान कुछ घंटे नहीं टिक नहीं सकता। तबाह होने से पहले पाकिस्तान में घुटने टेक दिए, यही उसकी औकात है। व्यापारी सुरक्षा फोरम संस्थान के पदाधिकारियों ने भी खुशी मनाई। लोगों ने कहा कि पाकिस्तानी आतंकियों ने पहलगाम में हमलाकर अपनी मौत को दावत दी थी। दुनिया को पता है कि प्रधानमंत्री मोदी ऐसे लोगों को छोड़ते नहीं हैं, यही वजह रही पाकिस्तान को इसकी भारी कीमत चुकानी पड़ी। नौ आतंकी ठिकानों ने ध्वस्त करके सौ से अधिक आतंकियों का नामों निशान मिटा दिया। आखिरकार पाकिस्तानी को भारत के आगे घुटने टेककर सलाम करना पड़ा।
पाकिस्तान को पहलगाम आतंकी हमले की भारी कीमत चुकानी पड़ी। आखिरकार पाकिस्तानी हुकुमत को भारत के आगे घुटने टेककर सलाम करना पड़ा। पहलगाम में जिल तरह प्रयटकों की निर्मम हत्या की, उससे भारत के मुसलमानों में भी ज्यादा गुस्सा है। पाकिस्तान को भारतीय सेना का जवाब काबिले तारीफ है। - इफ्तेखार सैफी, अधिवक्ता
भारत के सामने पाकिस्तान की सेना ने पूरी तरह से घुटने टेक दिए। अगर पाकिस्तान दोबारा से ऐसी हरकत करता है तो उसे इससे भी अधिक क्षति के तैयार रहना होगा। अखंड भारत के लिए पाकिस्तान पर कब्जा करके भारत में मिला लिया जाए। -डाॅ. सिराजुददीन हाशमी, चेयरमैन हाशमी एजुकेशनल ग्रुप
पाकिस्तान की आर्थिक हालत किसी से छिपी हुई नही है। अगर दो दिन ओर संघर्ष होता तो पाक पूरी तरह से बर्बाद हो जाता है। पाक ने घुटने टेककर संघर्ष विराम किया है। पाक ने तीन दिन के संघर्ष के दौरान ही लोन लेना शुरू कर दिया था। भारतीय सेना काे सलाम है। - डॉ. वीर वीरेंद्र सिंह, प्राचार्य जेएस हिंदू पीजी कॉलेज।
अगर दो दिन भी संघर्ष खिचता तो पाक पूरी से घुटनो पर आ जाता। पाक ने आतंक का साथ देकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी किरकिरी कराई है। भारतीय सेना के सामने वह दो दिन भी नहीं टिक सकते थे। - नवीन भाटी, एसबीआई शाखा प्रबंधक
जब भी पाक ने हिमाकत की है तो भारत ने उसका मुंह तोड़ जवाब दिया है। इस बार भी भारत ने हर मोर्च पर पाक को परास्त किया है। पाक ने यूएनए में संघर्ष विराम की गुहार लगाई थी। इस पर भारत संघर्ष विराम के लिए राजी हुआ है। -कुंवर विनीत अग्रवाल, जिला अध्यक्ष पश्चिमी उत्तर प्रदेश संयुक्त उद्योग व्यापार मंडल