अमेठी। स्थानीय ब्लॉक के एक गांव में डेंगू तथा दूसरे गांव में डेंगू का संभावित मरीज मिलने से स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया। संभावित मरीज का सैंपल एलाइजा टेस्ट के लिए भेजने के बाद आरआरटीम ने दोनों गांवों में डेरा डाल दिया है।
गांव में एंटी लार्वा का छिड़काव करने के साथ ही स्वास्थ्य टीमें गांव में कैंप लगाकर बुखार पीड़ितों की पैथोलॉजिकल जांच कर उन्हें दवाईयां मुहैया करा रही हैं। टीमें ग्रामीणों को डेंगू, मलेरिया, चिकनगुनिया समेत अन्य संक्रामक बीमारियों के प्रति जागरूक कर रही हैं।
जिले में पिछले कई दिनों से वायरल बुखार ने पांव पसार रखा है। शनिवार को स्थानीय ब्लॉक के गांव बड़ा रामनाथपुर निवासी कर्म राज सिंह बुखार से पीड़ित होने पर सीएचसी इलाज के लिए पहुंचे। वहां चिकित्सकों ने उनकी जांच कराई तो एनएस-1 जांच में वह पॉजिटिव निकले।
इसके बाद चिकित्सकों ने उन्हें भर्ती कर इलाज शुरू करते हुए उनका सैंपल लेकर एलाइजा जांच के लिए लखनऊ भेज दिया। परिवार वालों ने कर्मराज को रेफर कराकर लखनऊ के एक निजी अस्पताल ले गए जहां उनका इलाज चल रहा है।
इसी ब्लॉक के गांव स्वयंबर सिंह का पुरवा मजरे बड़ा रामनाथपुर निवासी ओम प्रकाश का इलाज लखनऊ के केजीएमयू में चल रहा था। चिकित्सकों ने उनकी जांच कराई तो वह डेंगू पॉजिटिव मरीज मिले। हालांकि इसके बाद परिजन उन्हें लेकर घर चले आए।
केजीएमयू की ओर से सोमवार को जिले के स्वास्थ्य विभाग को ओम प्रकाश के पॉजिटिव होने की सूचना दी गई। सूचना पर सोमवार को रैपिड रिस्पांस टीम ने गांव पहुंचकर एंटी लार्वा का छिड़काव करवाया। टीम द्वारा दोनों गांवों में कैंप लगाकर बुखार पीड़ित मरीजों की पैथालॉजी जांच करने के साथ ही उन्हें दवा मुहैया कराते हुए ऐसी संक्रामक बीमारियों से बचाव के प्रति ग्रामीणों को जागरूक किया जा रहा है।
पूरे जिले में चल रहा अभियान
जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. भीखुउल्लाह ने बताया कि एक मरीज डेंगू पॉजिटिव मिला है तो दूसरा संभावित है। कहा कि पूरे जिले में इन संक्रामक बीमारियों से बचाव के लिए इन दिनों अभियान चल रहा है। स्वास्थ्य कर्मी घर-घर जाकर ऐसे रोगियों को चिह्नित करने के साथ ही आमजनों को जागरूक कर रहे हैं।