गौरीगंज (अमेठी)। डेढ़ करोड़ रुपये टर्न ओवर तक कंपोजिशन सीमा में हुई वृद्धि से नाराज ईंट उद्यमी विरोध प्रदर्शन पर उतर आए हैं। बीते दिनों को कलेक्ट्रेट में उद्यमियों ने धरना देने के बाद प्रधामंत्री, वित्त मंत्री व मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया। ज्ञापन में निर्मित लाल ईंट की कर दर में वृद्धि का प्रस्ताव वापस करने के साथ अन्य मांगें पूरी करने की मांगें की गई हैं। मांगें पूरी नहीं होने पर उद्यमियों ने वृहद आंदोलन की चेतावनी दी है।
जीएसटी काउंसलिंग की सात सितंबर को लखनऊ में हुई 45वीं बैठक में लाल ईंटों पर जीएसटी कर दर में वृद्धि से ईंट उद्यमी आक्रोशित हो गए हैं। बुधवार को ईंट उद्यमी कल्याण समिति के बैनर तले प्रदर्शन पर उतरे उद्यमियों ने जिलाध्यक्ष जितेंद्र विजय सिंह मुन्ना की अगुवाई में कलेक्ट्रेट में धरना देकर नई नीति पर विरोध जताया। उद्यमियों ने धरने के दौरान पारित नियमों को समाप्त कराने की रणनीति तैयार की।
धरने के बाद उद्यमियों ने वित्त मंत्री को संबोधित ज्ञापन जिला प्रशासन को दिया। ज्ञापन में कोविड काल में प्रभावित ईंट-भट्टा के 40 लाख वार्षिक टर्नओवर को जीएसटी से मुक्त करने, 1.50 करोड़ रुपये टर्नओवर तक जीएसटी कंपोजिशन सीमा एक प्रतिशत रखने तथा छह प्रतिशत वृद्धि के आदेश को समाप्त करने, सामान्य रूप से ईंटों की कर दर में की गई वृद्धि समाप्त करने की मांग की। ईंट-भट्टे में निर्मित लाल ईंट के कर दर में वृद्धि के प्रस्ताव को निरस्त करने तथा आगामी दो सीजन तक ईंट बिक्री को कर मुक्त घोषित करने की मांग की है।
ईंट उद्यमियों ने मांगें पूरी नहीं होने की दशा में आंदोलन की चेतावनी दी है। मौके पर केडी मिश्र, मनोहर कुमार गावरी, हरिदास, विनोद मिश्र, श्रीराम प्रजापति, मो. युनुस, खालिद हुसैन, सुनील सिंह, वीरेंद्र कुमार व रवींद्र सिंह राठौर समेत कई ईंट उद्यमी मौजूद रहे।