गौरीगंज (अमेठी)। जिले की 67 ग्राम पंचायतों में रहने वाले लोगों को पिछले दो वित्तीय वर्ष में प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ नहीं मिला। यह स्थिति आवंटन के लिए बनाए गए आवास सॉफ्ट से 67 गांवों का नाम व उनका डाटा अचानक डिलीट हो जाने से उपजी है। गौरतलब होगा कि जिले को पिछले दो वित्तीय वर्ष में 28,242 आवास आवंटन का लक्ष्य मिला है, लेकिन अब तक एक भी जरूरतमंद को आवास नहीं मिल सका है।
वित्तीय वर्ष 2020-21 में प्रधानमंत्री योजना के तहत जिले को 16,522 तथा वित्तीय वर्ष 2021-22 में 11,720 का लक्ष्य मिला था। दोनों वित्तीय वर्ष में जिले के 67 ग्राम पंचायतों के लोगों को यह लाभ नहीं मिल सका। यह स्थिति दो वर्ष पूर्व आवास सॉफ्ट से जिले के 67 गांवों का नाम अचानक डिलीट हो जाने से उपजी है। सॉफ्ट पर गांव का नाम नहीं होने से आवासहीन पात्रों को दो साल में एक भी आवास नहीं मिल सका। इसकी वजह से सर्वाधिक परेशानी उन लोगों को उठानी पड़ रही है जिनके मकान जर्जर हैं या बरसात में क्षतिग्रस्त हो गए हैं। आवास पात्रता सूची में नाम शामिल होने के बावजूद आवास नहीं मिलने से उन्हें दूसरों के घर शरण लेनी पड़ रही है। (संवाद)
राज्यमंत्री के क्षेत्र के 45 गांव गायब
बाजार शुकुल ब्लॉक में 54 ग्राम पंचायतें शामिल हैं। 54 में से 45 ग्राम पंचायतें आवास सॉफ्ट से डिलीट हो गई हैं। राज्यमंत्री सुरेश पासी का क्षेत्र होने के बावजूद इन गांवों के लोगों को दो साल से आवास नहीं मिल सका है। गौरीगंज में 58 में चार, अमेठी में 50 में आठ तथा सिंहपुर में 58 में दस ग्राम पंचायतें सॉफ्टवेयर पर प्रदर्शित नहीं हो रही हैं।
इन गांवों को नहीं मिल रहा लाभ
आवास सॉफ्ट से अमेठी ब्लॉक के भुसहरी, डेढ़पसार, लोनियापुर, पूरबगांव, रायदेयपुर, सादीपुर, त्रिलोकपुर व बियसिया के नाम गायब हैं। गौरीगंज के बाबूपुर, गौरीपुर, गूजरटोला व राघीपुर का नाम नहीं है। इसी तरह बाजार शुकुल के अहमदपुर, बदलगढ़, बख्तावरनगर, बरसंडा, भटमऊ, विराहिम बाजगढ़, बूबूपुर, व्यौरेमऊ, दक्खिनगांव क्यार, धनेशा राजपूत, इक्का ताजपुर, गयासपुर, हरखूमऊ, हसनपुर तिवारी, इंदिरया, जलाली बालापुर, जौदिलमऊ, काजीपुर, खालिस बाहरपुर, खेममऊ, किशनी, महोना पश्चिम, महोना पूरब, मरदानपुर, मरवा, मोहिद्दीनपुर, नांदी, नीमपुर, नेवाज मदारगढ़, निहालगढ़ सैदपट्टी, पाली, पारा, रसूलपुर, संसारपुर, सरैया पीरजादा, सत्थिन, सौना, सेवरा, तेंदुआ, तेतारपुर, टेवसी, ऊंचगांव, उररेमऊ व विशंभर पट्टी तथा सिंहपुर ब्लॉक के अहोरवा भवानी, भानीपुर, डांगी बरवलिया, गढ़ी महावल, जैदपुर, जैढ़ा उसरहा, मत्तेपुर, रतवलिया मंझर, सातनपुरवा व सिंहपुर शामिल हैं।
25-25 लोगों को मिलता है आवास
प्रधानमंत्री आवास योजना में जिले का लक्ष्य निर्धारित होने के बाद ब्लॉक व ग्राम पंचायत का लक्ष्य निर्धारित किया जाता है। विभागीय सूत्रों के अनुसार औसतन एक ग्राम पंचायत को एक वित्तीय वर्ष में न्यूनतम 25 आवास का आवंटन होता है। ऐसे में दो साल में 67 ग्राम पंचायतों में कम से 3,350 परिवार को योजना का लाभ मिलता है।
दो साल में बने 15,174 आवास
आंकड़ों के अनुसार जिले को वित्तीय वर्ष 2020-21 में 16,522 का लक्ष्य निर्धारित हुआ था। लक्ष्य के सापेक्ष 16,471 को स्वीकृति मिली। 16,467 को पहली किस्त, 16,277 को दूसरी तथा 14,996 को तीसरी किस्त निर्गत करते हुए 20 सितंबर तक 15,098 आवास पूर्ण कराए जा चुके हैं। वित्तीय वर्ष 2021-22 में 11,720 लक्ष्य के सापेक्ष 10,934 को स्वीकृति प्रदान करते हुए 10,266 को पहली, 5452 को दूसरी तथा 122 को तीसरी किस्त निर्गत करते हुए 74 आवास पूर्ण कराए जा चुके हैं।
किया जा रहा पत्राचार : सीडीओ
सीडीओ डॉ. अंकुर लाठर ने बताया कि शासन से पत्राचार कर सही कराने का अनुरोध किया गया है। पोर्टल खुलने के बाद डिलीट हुए गांव व लाभार्थियों का नाम अपडेट होगा। वंचित हुए पात्रों को दूसरी योजना से लाभान्वित करने की कोशिश जारी है।