अंबेडकरनगर। जिले में सोमवार को दोपहर बाद मौसम अचानक तेजी से बदल गया। बादल छाने के साथ ही आंधी का दौर शुरू हो गया। धूल भरी आंधी इतनी तेज थी कि सैकड़ों टिनशेड, छप्पर व बोर्ड आदि जहां-तहां उड़ गए। दर्जनों पेड़ जमीदोज हो गए तो बड़े पैमाने पर बिजली के खंभे व तार भी क्षतिग्रस्त हुए। आंधी के चलते यातायात जहां-तहां थम गया। लगभग आधे घंटे तक पूरे जिले में आंधी ने कहर बरपाया। इसके चलते शहर से लेकर गांव तक विद्युत आपूर्ति भी ठप हो गई। आंधी के बीच कई जगह हल्की तो कई जगह सामान्य वर्षा भी हुई। वहीं आंधी और बारिश के चलते दीवार व बिजली गिरने से दो महिलाओं की मौत हो गई।
जिले में सोमवार को करीब दो बजे अचानक मौसम में बदलाव हो गया। पहले बादल मंडराने लगे फिर आंधी का दौर शुरू हो गया। लगभग आधे घंटे तक चली आंधी ने आम जनजीवन को बुरी तरह से प्रभावित किया। आधी व बारिश के दौरान अकबरपुर कोतवाली क्षेत्र के गोहन्ना गांव में दोपहर बाद प्रभुदेई (72) पर घर की दीवार गिर पड़ी। मलबे में दबकर उनकी मौत हो गई। उधर इब्राहिमपुर के गड़रिया का पूरा में चमेला (62) आंधी के दौरान ट्यूबवेल का शेड देखने के लिए घर से निकली थीं। इसी दौरान बिजली गिरने से उसकी चपेट में आ गईं। उनके पीछे ही बहू प्रमिला थी जो बाल-बाल बच गई। चमेला की मौके पर ही मौत हो गई।
आंधी का सबसे अधिक प्रभाव विद्युत आपूर्ति पर पड़ा। पेड़ व डाल गिरने से जर्जर तार व विद्युत खंभे जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो गए। इससे जिला मुख्यालय से लेकर विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति ठप हो गई। अकबरपुर मिझौड़ा मार्ग पर गिरे पेड़ की चपेट में आने से विद्युत तार व खंभा क्षतिग्रस्त हो गया। उतरेथू बाजार में पेड़ गिरने से विद्युत खंभा क्षतिग्रस्त हो गया, तो अकबरपुर नगर के मोहसिनपुर में पेड़ गिरने से उसकी चपेट में आकर तार व खंभा गिर पड़ा। जलालपुर, भीटी, आलापुर, टांडा समेत कई अन्य क्षेत्रों में विद्युत तार व खंभों के क्षतिग्रस्त हो जाने से संबंधित क्षेत्र की बिजली आपूर्ति प्रभावित हो गई। इससे लगभग पांच लाख आबादी को विद्युत संकट का सामना करना पड़ा है। जिला मुख्यालय के कुछ क्षेत्रों में तो गड़बड़ी दूर कर आपूर्ति बहाल कर दी गई, लेकिन अन्य क्षेत्रों में शाम तक गड़बड़ी नहीं दूर की जा सकी थी।
कहीं उड़ गए टिन शेड तो कहीं छप्पर
आंधी में सैकड़ों टिन शेड, बोर्ड व छप्पर उड़ गए। यह संयोग ही रहा कि इसमें कोई चोटिल नहीं हुआ। हजपुरा में त्रिपुरारी मिश्र का टिन शेड आंधी में क्षतिग्रस्त हो गया। पहितीपुर बाजार में आधा दर्जन टिन शेड व छप्पर उड़ गए। महरुआ बाजार, महरुआ गोला, लोनाथपुर, बरामदपुर जरियारी समेत कई अन्य क्षेत्रों में टिन शेड व छप्पर क्षतिग्रस्त हो गए। इसके अलावा भीटी, कटेहरी, बेवाना, अकबरपुर, जलालपुर, इब्राहिमपुर, इल्तिफातगंज, टांडा, आलापुर, जहांगीरगंज, राजेसुल्तानपुर समेत अन्य क्षेत्रों में आंधी व इसके साथ कहीं हल्की तो अधिक बारिश होने से जगह-जगह छप्पर व टिन शेड धराशायी हो गए। उतरेथू बाजार में मेजर ओमप्रकाश त्रिपाठी के घर की तीसरी मंजिल पर एटीएम नेटवर्क के लिए लगे संयंत्र का लोहे का जाल गिर गया, जिससे एक बाइक क्षतिग्रस्त हो गई।
दर्जनों पेड़ धराशायी, बाधित रहा आवागमन
आंधी के बीच अकबरपुर समेत जिले के कई अन्य क्षेत्रों में जगह-जगह पेड़ धराशायी हो गए। अकबरपुर ब्लॉक परिसर में लगा चिलबिल का पेड़ गिर गया। बरधाभिउरा गांव के निकट नीम का पेड़ सड़क पर गिर पड़ा। इससे अकबरपुर दोस्तपुर मार्ग पर कुछ देर के लिए आवागमन ठप हो गया। उतरेथू बाजार के निकट अमसिन मार्ग पर नीम का पेड़ गिर पड़ा। इससे आवागमन बाधित हो गया। अकबरपुर मिझौड़ा मार्ग पर आम का पेड़ गिर गया। इससे भी आवागमन बाधित हुआ। इसके अलावा अकबरपुर बसखारी मार्ग, जहांगीरगंज राजेसुल्तानपुर मार्ग, आलापुर जहांगीरगंज मार्ग समेत कई अन्य क्षेत्रों में जगह-जगह पेड़ धराशायी हो गए। इससे आवागमन बाधित रहा।
आम व केले की फसल को नुकसान
आंधी व बारिश ने आम व केले की फसल पर प्रतिकूल प्रभाव डाला है। अकबरपुर के अरुण कुमार ने कहा कि उन्होंने बेहतर फसल होने की उम्मीद में अधिया पर बाग दे रखी है। सोमवार को आई आंधी में बड़ा नुकसान हआ है। लगभग एक क्विंटल आम गिर गए। अकबरपुर के राजेश सोनकर ने कहा कि आंधी से आम की फसल को बड़ा नुकसान हुआ है। आम लगभग तैयार हो चुका है। कुछ ही दिन में इसकी बिक्री भी प्रारंभ हो जाती। आम किसानों को बेहतर फसल होने की उम्मीद थी, लेकिन आंधी ने तगड़ा झटका दिया है। केला किसान जयप्रकाश ने कहा कि तेज आंधी के चलते खेत में कई पेड़ धराशायी हो गए। इससे आर्थिक नुकसान हुआ है।