संजीव द्विवेदी
अंबेडकरनगर। प्रधानमंत्री स्कूल फॉर राइजिंग इंडिया (पीएमश्री) परिषदीय स्कूलों की सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। अब प्रत्येक पीएमश्री विद्यालय में सुरक्षा गार्डों की तैनाती की जाएगी, जिससे न केवल चोरी की घटनाओं पर अंकुश लगेगा, बल्कि सरकार द्वारा उपलब्ध कराए गए उन्नत संसाधनों की सुरक्षा और देखरेख भी सुनिश्चित हो सकेगी।
प्रत्येक पीएमश्री विद्यालय में दो सुरक्षा गार्ड तैनात किए जाएंगे, जो शिफ्टवार अपनी सेवाएं देंगे। इन सुरक्षा गार्डों को प्रतिमाह 12 हजार रुपये का मानदेय दिया जाएगा। नियुक्ति प्रक्रिया में पूर्व सैनिकों और पीआरडी (प्रादेशिक विकास दल) जवानों को प्राथमिकता दी जाएगी, जो सुरक्षा और अनुशासन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता के लिए जाने जाते हैं। सुरक्षा गार्डों के चयन की जिम्मेदारी जिलाधिकारी की अध्यक्षता वाली एक पांच सदस्यीय समिति को सौंपी गई है। इस समिति में मुख्य विकास अधिकारी उपाध्यक्ष, बेसिक शिक्षा अधिकारी सदस्य सचिव के रूप में शामिल होंगे। इसके अतिरिक्त, सहायक वित्त एवं लेखाधिकारी और जिला युवा कल्याण एवं प्रादेशिक विकास दल के प्रतिनिधि भी इस समिति का हिस्सा होंगे। यह समिति निष्पक्ष और पारदर्शी चयन प्रक्रिया सुनिश्चित करेगी।
बजट आवंटन और अवधि
जिले में वर्तमान में 20 पीएमश्री परिषदीय स्कूल संचालित हैं। इन सभी स्कूलों में प्रत्येक में दो गार्ड की तैनाती के अनुसार कुल 40 सुरक्षा गार्डों की आवश्यकता होगी। इस व्यवस्था के लिए दिसंबर 2025 से मार्च 2026 तक चार महीने की अवधि के लिए कुल 19.20 लाख रुपये का बजट जारी किया गया है। इस हिसाब से प्रति माह लगभग 4.80 लाख रुपये का व्यय अनुमानित है।
शिक्षा विभाग की सराहनीय पहल
इससे न केवल स्कूलों की भौतिक सुरक्षा मजबूत होगी, बल्कि शिक्षकों और छात्रों को भी एक सुरक्षित वातावरण मिलेगा, जो शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। यह कदम पीएमश्री योजना के समग्र विकास में एक महत्वपूर्ण योगदान देगा।
शैलेश कुमार पटेल, बीएसए
सुरक्षित शैक्षिक वातावरण का निर्माण
सुरक्षा गार्डों की उपस्थिति से स्कूल परिसरों में अनधिकृत व्यक्तियों का प्रवेश रुकेगा, जिससे छात्रों और शिक्षकों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी। यह बाहरी खतरों, जैसे कि चोरी, तोड़फोड़ या अन्य अप्रिय घटनाओं की संभावना को कम करेगा। एक सुरक्षित वातावरण छात्रों को बिना किसी भय के अपनी पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करने में मदद करेगा, जबकि शिक्षक भी अधिक आत्मविश्वास के साथ अध्यापन कार्य कर सकेंगे।
संसाधनों की सुरक्षा और सदुपयोग
पीएमश्री स्कूलों को सरकार द्वारा आधुनिक शैक्षिक संसाधन, जैसे कि स्मार्ट क्लासरूम, कंप्यूटर, पुस्तकालय सामग्री और अन्य उन्नत उपकरण प्रदान किए गए हैं। सुरक्षा गार्ड इन बहुमूल्य संसाधनों की चौबीसों घंटे निगरानी करेंगे, जिससे चोरी या क्षति होने की आशंका कम हो जाएगी। इससे यह सुनिश्चित होगा कि ये संसाधन लंबे समय तक छात्रों के सीखने के लिए उपलब्ध रहें और उनका प्रभावी ढंग से उपयोग हो सके।
आपातकालीन स्थितियों में सहायता
सुरक्षा गार्ड न केवल नियमित सुरक्षा प्रदान करेंगे, बल्कि किसी भी आपातकालीन स्थिति, जैसे कि आग, चिकित्सा आपातकाल, या अन्य अप्रत्याशित घटनाओं के दौरान त्वरित प्रतिक्रिया देने में भी सक्षम होंगे। उनकी उपस्थिति से स्कूल प्रशासन और स्थानीय अधिकारियों के बीच समन्वय बेहतर होगा, जिससे संकट के समय प्रभावी प्रबंधन संभव हो सकेगा।