अंबेडकरनगर के अकबरपुर नगर के इल्तिफातगंज मार्ग पर विजय दशमी के मौके पर किया गया रावण का पुतला दहन
- फोटो : AMBEDKAR NAGAR
अंबेडकरनगर। असत्य पर सत्य की विजय के रूप में मनाए जाने वाला विजयदशमी पर्व शुक्रवार को जिले में उल्लास से मनाया गया। पुतला दहन से पहले भगवान राम व रावण की सेना के बीच पहले युद्ध हआ। इसके बाद भगवान राम ने जब रावण का वध किया, तो समूचा माहौल तालियों और जयकारे से गूंज उठा। जय श्रीराम के उद्घोष से समूचा माहौल भक्तिमय हो गया। इसके बाद जगह-जगह रावण के पुतलों का दहन हुआ। इस बीच मेले का आयोजन हुआ।
विजयदशमी पर्व पर लोगों ने मंदिरों व घरों में पूजा अर्चना की। शाम के समय अकबरपुर नगर के इल्तिफातगंज रोड पर ऐतिहासिक रामलीला में भगवान राम व रावण की सेना के बीच युद्ध हुआ। इसे देखने के लिए आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में नागरिक मौके पर एकत्र हो गए। युद्ध प्रारंभ हुआ, तो जैसे जैसे रावण सेना के सिपाही मारे जा रहे थे, वैसे वैसे तालियों की गड़बड़ाहट बढ़ती जा रही थी। अंत में जब भगवान राम ने रावण का वध किया, तो समूचा माहौल तालियों से गूंज उठा। साथ ही जय श्रीराम के नारे लगने लगे। इसके बाद रावण के पुतले का दहन किया गया।
जलालपुर नगर स्थित रामलीला मैदान में रामलीला समिति की ओर से चल रही रामलीला में राम रावण युद्ध के बाद रावण के पुतले का दहन हुआ। समिति के अध्यक्ष सुरेंद्र सोनी ने बताया कि कोतवाल दुर्गेश मिश्र ने पुतले में आग लगाई। टांडा में पूर्व के वर्षों में रामलीला होती थी, लेकिन इस वर्ष नहीं हुई। इसके स्थान पर सुंदरकांड पाठ का आयोजन हुआ। रावण दहन के दोनों स्थलों पर सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए थे।