अंबेडकरनगर। महंगाई को दरकिनार कर मंगलवार को जिले की बाजारों में उल्लास का माहौल रहा। धनतेरस पर्व पर बड़ी संख्या में लोगों ने बाजारों में जमकर जरूरी सामानों की खरीदारी की। बाजारों में दिनभर दुकानों पर खरीदारों की भीड़ जुटी रही। सुबह से ही बाजारों में लोगों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया, जो देर शाम तक जारी रहा। बाजारों में चहल-पहल अधिक होने से दुकानदारों के चेहरे खिल उठे। आभूषण, बर्तन, बाइक, ट्रैक्टर, कार व इलेक्ट्रॉनिक समेत विभिन्न सामानों की बढ़-चढ़कर बिक्री हुई। धनतेरस पर्व पर लगभग 85 करोड़ रुपये की बिक्री हुई। जगह-जगह सजी दुकानों पर ग्राहकों को किसी भी प्रकार की समस्या न हो, इसके लिए दुकानदारों की ओर से व्यवस्थाएं की गई थीं।
धनतेरस पर्व पर लोगों ने जमकर खरीदारी की। विगत वर्षों की तुलना में इस धनतेरस पर्व पर सराफा मार्केट में पूरे दिन रौनक रही। जिला मुख्यालय से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों की बाजारों में सराफा दुकानों पर सुबह से ही ग्राहकों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया, जो देर शाम तक चलता रहा। बड़ी संख्या में खरीदारों के पहुंचने से सराफा व्यवसायियों के चेहरे चमक उठे। शहजादपुर के युवा सराफा व्यवसायी विशु सोनी ने कहा कि वाराणसी, दिल्ली, कानपुर, मुंबई के आभूषणों की मांग अधिक रही। हल्के आभूषण की मांग लोगों के बीच ज्यादा रही। सराफा व्यवसायी अमरदीप सोनी ने कहा कि इस बार बड़ी संख्या में ग्राहक आभूषणों की खरीदारी के लिए पहुंचे। बीते कई वर्षों के बाद सराफा बाजार में इस तरह का उल्लास दिखा। कहा कि सभी प्रकार के आभूषण की उपभोक्ताओं ने बढ़-चढ़कर खरीदारी की। इसके अलावा जलालपुर, टांडा, आलापुर व भीटी समेत अन्य छोटे-बड़े बाजारों में स्थित सराफा की दुकानें पूरे दिन उपभोक्ताओं से गुलजार रहीं। सराफा व्यवसायी राजकुमार सेठ ने कहा कि लगभग 35 करोड़ रुपये का सराफा कारोबार हुआ है।
9 करोड़ रुपये के बिके बर्तन
जिला मुख्यालय से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों की बाजारों में जगह-जगह सजीं बर्तन की दुकानों पर मंगलवार को पूरे दिन खरीदारों की भीड़ जुटी रही। तांबे की तुलना में एल्युमीनियम व स्टील के बर्तन की मांग इस बार अधिक रही। इसके अलावा पीतल के बर्तनोें की भी खरीदारी भी लोगों ने खूब की। शहजादपुर के बर्तन व्यवसायी राकेश कुमार ने कहा कि एल्युमीनियम के बर्तन की मांग सबसे अधिक रही। उम्मीद से अधिक बर्तनों की बिक्री इस बार हुई। मीरानपुर के बर्तन व्यवसायी राजू अग्रहरि ने कहा कि एल्युमीनियम के बर्तन के साथ ही तांबे के बर्तन की भी बिक्री हुई। उम्मीद से अधिक लोगों ने बढ़-चढ़कर खरीदारी की। जलालपुर के बर्तन व्यवसायी रमेश गुप्ता ने कहा कि भीड़ को देखते हुए उन्होंने अपने रिश्तेदार को भी बुला लिया था। बर्तन व्यवसायी अशोक कुमार कसौधन ने बताया कि लगभग 9 करोड़ रुपये के बर्तन जिले में बिके हैं।
नौ करोड़ के कपड़े ले गए लोग
दीपावली पर्व के उल्लास में किसी भी प्रकार की कमी रहे, इसके लिए लोगों ने जमकर कपड़े खरीदे। कोई रेडीमेड कपड़े खरीदारी कर रहा था, तो अन्य प्रकार के कपड़े खरीद रहा था। महिलाओं ने सिल्क व कॉटन की साड़ी खरीदने में जहां अपनी रुचि दिखाई, तो वहीं युवतियों ने कोलकाता की कुर्र्ती खरीदी। युवाओं ने जींस पैंट व टी शर्ट के साथ ही कुर्ते की भी बढ़-चढ़कर खरीदारी की। जिले की बाजारों में कपड़ों की दुकानों पर लगभग पूरे दिन ग्राहकों की भीड़ उमड़ती रही। इससे संबंधित दुकानदारों के चेहरे पर खिल उठे। विशाल इंपोरियम के अजय सोनी ने कहा कि सिल्क व कॉटन की साड़ी की मांग महिलाओं में अधिक रही। रेडीमेड कपड़ों की दुकान करने वाले नाजिम ने कहा कि जींस व टी शर्ट युवाओं ने जमकर खरीदी। कपड़ा व्यवसायी वीरेंद्र कुमार ने बताया कि जिले में लगभग 5 करोड़ रुपये के कपड़े का कारोबार हुआ है।
सात करोड़ का इलेक्ट्रॉनिक सामान बिका
धनतेरस पर्व के मौके पर फ्रिज, वॉशिंग मशीन, टीवी समेत कई अन्य प्रकार के इलेक्ट्रॉनिक सामानों की नागरिकों ने बढ़-चढ़कर खरीदारी की। सुबह से ही संबंधित दुकानों पर नागरिकों के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया, जो देर शाम तक जारी रहा। शहजादपुर के इलेक्ट्रॉनिक सामान विक्रेता अरविंद कुमार ने कहा कि ऑटोमेटिक वॉशिंग मशीन की बिक्री इस बार अधिक हुई। बंका इलेक्ट्रॉनिक के सुधीर बंका ने कहा कि एलईडी, फ्रिज के अलावा ब्लूटूथ बुफर की मांग अधिक रही। इनकी नागरिकों ने खूब खरीदारी की। कहा कि लगभग सभी इलेक्ट्रॉनिक सामानों के दाम में विगत वर्ष की तुलना में वृद्धि हुई है, लेकिन इसके बावजूद इसका बिक्री पर किसी भी प्रकार का असर नहीं पड़ा। महंगाई को दरकिनार कर नागरिकों ने बढ़-चढ़कर खरीदारी की। इलेक्ट्रॉनिक व्यवसायी वीसी तिवारी ने बताया कि लगभग 7 करोड़ रुपये के इलेक्ट्रॉनिक सामानों की बिक्री हुई।
इस बार खूब बिक्रीं साइकिलें
धनतेरस के दिन पहली बार साइकिल की खरीदारी पर लोगोें का जोर दिखा। नागरिकों ने जमकर साइकिलें खरीदीं। अकबरपुर नगर के पुराने तहसील तिराहा स्थित इंडिया साइकिल पर साइकिल खरीदने पहुंचे शहजादपुर के दीपक कुमार ने कहा कि बच्चों के स्वास्थ्य को देखते हुए उन्होंने धनतेरस पर्व पर उन्हें साइकिल का तोहफा देने का मन पहले ही बना लिया था। इसलिए पर्व के दिन साइकिल खरीदी। इंडिया साइकिल के मालिक अब्दुल सलाम ने बताया कि विगत वर्षों में धनतेरस के दिन इतनी साइकिलों की बिक्री नहीं होती थी, जितनी इस बार हुई है। कहा कि जिले में लगभग एक करोड़ रुपये की छोटी-बड़ी साइकिलों की बिक्री हुई।
आठ करोड़ की बिकीं बाइकें
जिले में विभिन्न एजेंसियों पर लोगों ने बढ़-चढ़कर बाइकें खरीदीं। सुबह से ही लोगोें का एजेंसियों पर पहुंचने का दौर शुरू हो गया। हर कोई पहले पहुंचकर बाइक लेकर घर जाने को आतुर दिखा। जिन्होंने पहले से बुकिंग करा रखी थी, वे सुबह ही एजेंसी पर पहुंच गए। जिला मुख्यालय पर स्थित जय एजेंसी के मालिक वीरभद्र सिंह ने कहा कि लगभग ढाई सौ बाइक व स्कूटी की बिक्री हुई। इनमें से ज्यादातर ने पहले से ही बुकिंग करा रखी थी। मालीपुर रोड स्थित बजाज एजेंसी के मालिक मृत्युंजय ने कहा कि 170 बाइकोें की बिक्री हुई। टांडा रोड स्थित टीवीएस शोरूम के मालिक रानू सरदार ने कहा कि लोगों ने 150 मोटरसाइकिलें खरीदीं। अकबरपुर अयोध्या मार्ग स्थित होंडा एजेंसी के मालिक प्रदीप पांडेय ने बताया कि 180 बाइकों व स्कूटी की बिक्री धनतेरस के दिन हुई। इसके अलावा टांडा, जलालपुर, भीटी व आलापुर तहसील क्षेत्र में भी स्थित एजेंसियों पर बड़ी संख्या में लोगों ने जमकर बाइक व स्कूटी खरीदी। अनुमान के अनुसार लगभग 8 करोड़ रुपये की बाइकों व स्कूटी की बिक्री हुई।
20 करोड़ के बिक गए कार व ट्रैक्टर
दो पहिया वाहनों की खरीदारी के बीच लोगों ने ट्रैक्टर व कार की भी बढ़-चढ़कर खरीदारी की। अलग-अलग एजेंसियों के ट्रैक्टर की खरीदारी नागरिकों ने एजेंसी पर की। स्वराज एजेंसी के मालिक ने बताया कि 18 ट्रैक्टरों की बिक्री हुई है। ज्यादातर ने पहले से ही ट्रैक्टर की बुकिंग कर रखी थी। कहा कि खरीदारी के लिए आने वालों को किसी भी प्रकार की समस्या न हो, इसके लिए सभी जरूरी व्यवस्था की गई थी। आयशर एजेंसी के मालिक ने कहा कि 13 ट्रैक्टर की बिक्री हुई। पावर ट्रैक के मालिक ने कहा कि 8, जबकि फ्रॉम ट्रैक्टर के मालिक ने कहा कि 5 ट्रैक्टरों की बिक्री हुई। मैसी के दो ट्रैक्टर बिके। इसके अलावा कार शोरूम से भी 12 कारों की बिक्री हुई। इस प्रकार अनुमान है कि लगभग 20 करोड़ रुपये के ट्रैक्टरों व कारों की बिक्री हुई।