सिविल लाइंस इलाके की रहने वाली है महिला
महिला के अंदाज और लगातार दबाव डालने से पुलिस को शक हुआ। उसके बारे में हनुमान मंदिर चौकी प्रभारी दिग्विजय सिंह ने जांच की तो पता चला कि महिला डॉ. नैना सैमुअल पुथराना वसंत बिहार, ड्रमंड रोड थाना सिविल लाइंस (प्रयागराज) की रहने वाली है। बुलाकर पूछताछ की गई तो सारी पोल खुल गई।
पुलिस के मुताबिक, पता चला कि उसने जगमल हाता राजरूपपुर निवासी एक व्यक्ति से एक लाख रुपये में दाखिला कराने का वादा किया था। एसीपी सिविल लाइंस श्वेताभ पांडेय ने बताया कि आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया गया था। देरशाम जमानत पर छोड़ दिया गया।
चार साल पहले पति से हो चुका है अलगाव
पुलिस सूत्रों के मुताबिक, महिला का अपने पति से चार साल पहले अलगाव हो चुका है। वह सिविल लाइंस में अकेले रहती है। साथ ही ट्यूशन पढ़ाती है। पूछताछ में उसने यह दावा किया कि वह पीएचडी कर चुकी है और इसलिए ही नाम के आगे डॉक्टर लगाती है। पुलिस इसकी भी जांच में जुटी है। आरोपी के खिलाफ एफआईआर हनुमान मंदिर चौकी प्रभारी की ओर से दर्ज कराई गई है।
आईएएस लिखकर बनाई थी फर्जी ईमेल आईडी
आरोपी महिला ने न सिर्फ आईएएस बनकर अफसरों को कॉल व मैसेज किए, बल्कि ईमेल भी किया। खास बात यह कि उसने nidhipandey.ias1970@gmail.com नाम से ईमेल आईडी बनाई थी। इसी आईडी से उसने अफसरों व कॉलेज के फॉदर को बच्चे का विवरण भेजा था। पुलिस का यह भी कहना है कि आरोपी महिला पूर्व में भी इसी तरह कई बच्चों का दाखिला करा चुकी है।
पांच साल पहले भी दबोचा गया था मंत्री का फर्जी पीआरओ
मंत्री रहीं स्वाति सिंह का पीआरओ बनकर ठगी करने वाले खीरी निवासी अशोक पांडेय को पांच साल पहले दबोचा जा चुका है। यह प्रकरण भी सिविल लाइंस थाने में ही दर्ज किया गया था। वर्ष 2019 में मंत्री के असली पीआरओ सुमित सिंह ने अशोक पांडेय के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। जिस दिन यह पकड़ा गया था, उस दिन मंत्री स्वाति सिंह खुद शहर में थीं। उनके पास कुछ लोग शिकायत लेकर पहुंचे थे कि एक व्यक्ति उनके नाम पर नौकरी के लिए पैसे मांग रहा है। अशोक पर यह भी आरोप था कि मंत्री से बात कराने के नाम पर वह अपनी पत्नी से बात कराता था।