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छात्रों की गिरफ्तारी से बिगड़े हालात, फूंका सरकार का पुतला

Mon, 03 Jun 2019 12:25 AM IST
विनोद सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, प्रयागराज
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प्रयागराज - फोटो : Prayagraj
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उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग (यूपीपीएस) की भर्ती परीक्षा भ्रष्टाचार के खिलाफ आंदोलन करने वाले छात्रों की गिरफ्तारी के बाद हालात बिगड़ते नजर आ रहे हैं और तनाव बढ़ गया है। रविवार को सुभाष चौराहे से छात्र नेताओं की गिरफ्तारी के विरोध में छात्रों ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय के छात्रसंघ भवन के सामने प्रदेश सरकार का पुतला फूंका। 

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छात्रों का कहना है कि सुभाष चौराहे पर प्रतीकात्मक रूप से बूट पॉलिश कर छात्र शांतिपूर्ण तरीके से अपना विरोध दर्ज करा रहे थे लेकिन पुलिस उन्हें जबरन उठाकर कैंट थाने ले गई और छात्रों को मारापीटा। छात्रों का कहना है कि उनके साथियों की रिहाई नहीं हुई तो उग्र आंदोलन होगा। पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष अजीत यादव और छात्र नेता अरविंद सरोज ने कहा कि छात्रहितों से कोई समझौता नहीं होगा, भले ही आरपार की लड़ाई लड़नी पड़े।  प्रतियोगी छात्र संघर्ष मोर्चा के बैनर तले प्रदेश सरकार का पुतला फूंकने वालों में अविनाश विद्यार्थी, अजीत यादव, अरविंद सरोज, आशीष अतरौलिया, राहुल क्रांति, रोहित बैरागी, डीपी यादव, अनुपम, अंकित यादव, दुर्गेश प्रताप सिंह, भूदेव आदि शामिल रहे।

ये हैं प्रतियोगी छात्रों की प्रमुख मांगें
- यूपीपीसी को पूरी तरह से वॉश आउट कर नए एवं ईमानदार अफसरों की तैनाती जल्द की जाए ताकि छात्रों का ज्यादा नुकसान न हो
- परीक्षा नियंत्रक एवं सचिव के कार्यकाल में हुईं सभी परीक्षाएं निरस्त कर सीबीआई जांच कराई जाए
- परीक्षाओं को टाले जाने से सत्र अनियमित हो रहा है। ऐसे में प्रभावित छात्रों के लिए परीक्षा में शामिल होने की अधिकतम आयु सीमा बढ़ाई जाए
- आयोग के अधिकारी-कर्मचारियों के साथ उनके करीबी रिश्तेदारों की संपत्ति की भी जांच कराई जाए
- इस तथ्य की भी जांच कराई जाए कि आयोग के कितने कर्मचारियों और अफसरों के करीबी रिश्तेदारों का चयन आयोग द्वारा विभिन्न पदों पर किया गया

राज्यपाल को हस्तक्षेप करने के लिए भेजा पत्र
 युवा मंच के संयोजक राजेश सचान एवं अन्य अभ्यथिर्यों ने राज्यपाल को पत्र प्रेषित करते हुए उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयोग के मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की है। छात्रों का आरोप है कि प्रदेश सरकार मामले में दोषियों को बचाने और भर्ती में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रहे आंदोलन को दबाने का काम कर रही है। राज्यपाल से मांग की गई है कि सचिव पर भी मुकदमा दर्ज कर उन्हें बर्खास्त किया जाए और पिछले दो वर्षों में हुई भर्ती परीक्षाओं की कोर्ट की निगरानी में सीबीआई जांच कराई जाए।
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भर्ती में भ्रष्टाचार के खिलाफ कैंडल जुलूस आज
यूपीपीएससी की भर्ती परीक्षा में भ्रष्टाचार के खिलाफ छात्र सोमवार शाम 5.30 बजे भ्रष्टाचार मुक्ति मोर्चा के बैनर तले इलाहाबाद विश्वविद्यालय छात्रसंघ भवन से चंद्रशेखर आजाद पार्क तक कैंडल मार्च निकालेंगे। रविवार को हुई मोर्चा की बैठक में छात्रों ने कहा कि आयोग में भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रमुख सचिव कार्मिक एवं मुख्यमंत्री को ईमेल एवं ट्वीट किया गया था। इसके जवाब में मुख्यमंत्री कार्यालय से आया है कि जो भी अफसर या कर्मचारी भ्रष्टाचार में लिप्त है, उसे बख्शा नहीं जाएगा। बैठक में मोर्चा अध्यक्ष कौशल सिंह समेत कुंवर साहब सिंह, मनोज सिंह, हर्षवर्धन पाठक, प्रतिमा सिंह, प्रतिभा सिंह, रश्मी, प्रवीण आदि शामिल रहे।

न्यायिक जांच की भी मांग
-अध्यक्ष की रिहाई के लिए छात्रसंघ एकजुट
छात्रसंघ अध्यक्ष की गिरफ्तारी से नाराज छात्रसंघ के पदाधिकारी एकजुट हो गए हैं। इविवि छात्रसंघ अध्यक्ष अखिलेश यादव ने छात्रों की गिरफ्तारी की निंदा करते हुए कहा है कि अगर छात्रसंघ अध्यक्ष को नहीं छोड़ा जाता है तो छात्रसंघ के लोग उग्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे।, वहीं एनएसयूआई के राष्ट्रीय समन्वयक जितेश मिश्र ने गिरफ्तारी छात्रों को बिना शर्त रिहा किए जाने की मांग की है। साथ ही मामले की जांच उच्च न्यायालय के रिटायर जज से कराए जाने की मांग की है। 

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