सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा परीक्षा-2019 के तहत सहायक अभियंता के पदों पर औपबंधिक रूप से चयनित अभ्यर्थियों की नियुक्ति अटकी हुई है। परीक्षा परिणाम जारी हुए पांच महीने बीत चुके हैं। उत्तर प्रदेश लोक सेवा आयेाग ने एक सप्ताह पहले औपबंधिक रूप से चयनित अभ्यर्थियों की फाइलें शासन को भेजी हैं। नियुक्ति की संस्तुति के बाद अब चयनित अभ्यर्थियों का मेडिकल परीक्षण और पुलिस वैरिफिकेशन होगा। इसके बाद ज्वाइनिंग मिलेगी।
आयोग ने 13 अगस्त से सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा परीक्षा-2021 के तहत सहायक अभियंता के 281 पदों पर भर्ती के लिए आवेदन की प्रक्रिया शुरू की है। वहीं, सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा परीक्षा-2019 के तहत सहायक अभियंता के पदों पर चयनित अभ्यर्थियों को अब तक नियुक्ति नहीं मिल सकी है। आयोग ने सम्मिलित राज्य अभियंत्रण सेवा परीक्षा-2019 का परिणाम इस साल 26 मार्च को जारी किया था। इसके तहत सहायक अभियंता के 648 पदों परभ्भर्ती के लिए परीक्षा कराई गई थी, लेकिन योग्य अभ्यर्थी न मिल पाने के कारण 68 पद खाली रह गए थे और आयोग ने 580 पदों अभ्यर्थियों को अंतिम रूप से चयनित घोषित किया था।
इनमें से 139 अभ्यर्थियों का चयन औपबंधिक था, क्योंकि उन्होंने कुछ जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए थे और बाकी 441 अभ्यर्थियों को अंतिम रूप से चयनित घोषित किया गया था। आयोग ने 441 अभ्यर्थियों की नियुक्ति की संस्तुति दो माह पहले शासन को भेज दी थी, जबकि 139 अभ्यर्थियों की नियुक्ति की संस्तुति 50 दिन बाद पिछले सप्ताह भेजी गई है। हालांकि अभ्यर्थियों ने सभी जरूरी दस्तावेज काफी पहले ही प्रस्तुत कर दिए थे। अभ्यर्थियों का कहना है कि नियुक्ति की प्रक्रिया बहुत ही धीमे चल रही है। फाइल शासन में ही पड़ी है। मेडिकल परीक्षण और पुलिस वैरिफिकेशन की प्रक्रिया भी अभी शुरू नहीं हुई है। अभ्यर्थियों के मुताबिक पहले आयोग के स्तर पर और अब विभाग के स्तर पर देरी से ज्वाइनिंग फंसी हुई है। उनकी मांग है कि ज्वाइनिंग की प्रक्रिया शीघ्र पूरी की जाए।