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Raju Pal Murder: बसपा MLA राजू पाल हत्याकांड में छह को उम्रकैद, एक को चार साल की सजा, सीबीआई कोर्ट का फैसला

Fri, 29 Mar 2024 01:07 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

बसपा विधायक राजू पाल हत्या के सात आरोपियों को लखनऊ की सीबीआई कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। छह आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई गई है, जबिक एक आरोपी फरहान को आर्म्स एक्ट में चार साल की सजा सुनाई गई है। 
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अतीक अहमद और राजू पाल - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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बसपा विधायक राजू पाल हत्या के सात आरोपियों को सीबीआई लखनऊ की कोर्ट ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। आरोपियों में माफिया अतीक अहमद के तीन शॉर्प शूटर फरहान, आबिद और अब्दुल कवि भी शामिल हैं। इसके अलावा जावेद, इसरार, रंजीत पाल और गुल हसन को भी कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है। हत्याकांड के दो आरोपी माफिया अतीक अहमद और अशरफ की मौत हो चुकी है। छह आरोपियों को कोर्ट ने उम्रकैद की सजा सुनाई है, जबिक एक अन्य आरोपी फरहान को अदालत ने आर्म्स एक्ट में चार साल की सजा सुनाई है। 

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2016 में सुप्रीम कोर्ट ने सीबीआई को सौंपी थी जांच


राजू पाल हत्याकांड मामले की जांच सर्वोच्च न्यायालय ने 22 जनवरी 2016 को सीबीआई को सौंप दी थी। पूजा पाल ने सुप्रीम कोर्ट में अर्जी दाखिल कर मामले की सीबीआई की जांच की गुहार लगाई थी। घटना के करीब 11 साल बाद सुप्रीम कोर्ट ने मामले की जांच सीबीआई को सौंप दी।
 

राजू पाल की हत्या के साथ उनके साथ मौजूद देवी लाल पाल और संदीप यादव की भी मौत हो गई थी। 20 अगस्त 2019 को सीबीआई ने कुल 10 लोगों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल की थी. एक आरोपी रफीक उर्फ गुलफुल प्रधान की मौत हो चुकी है। 

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दिन दहाड़े बरसाई गई थीं गोलियां

25 जनवरी 2005 दिन मंगलवार को दोपहर करीब तीन बजे का वक्त था। शहर पश्चिमी के बसपा विधायक राजू पाल एसआरएन अस्पताल स्थित पोस्टमार्टम हाउस से दो गाड़ियों के काफिले में साथियों संग धूमनगंज के नीवां में घर लौट रहे थे, तभी सुलेमसराय में जीटी रोड पर उनकी गाड़ी को घेरकर गोलियों की बौछार कर दी गई।



राजू पाल खुद क्वालिस चला रहे थे। उनके बगल में दोस्त की पत्नी रुखसाना बैठी थीं जो उन्हें चौफटका के पास मिली थीं। इसी गाड़ी में संदीप यादव और देवीलाल भी थे। पीछे स्कार्पियो में ड्राइवर महेंद्र पटेल और ओमप्रकाश और नीवां के सैफ समेत चार लोग लोग थे। दोनों गाड़ियों में एक-एक सशस्त्र सिपाही थे। आसपास के लोग अब भी सरेराह गोलियों की तड़तड़ाहट को याद कर सिहर उठते हैं।
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विधायक पूजा पाल ने कहा देर से ही सही, न्याय मिला
 
 
पति के हत्यारों को सजा दिलाने के बाद विधायक पूजा पाल बोलीं- सिर्फ मेरी नहीं अतीक अहमद गैंग से पीड़ित हर शख्स को आज इंसाफ मिला है। वह कोर्ट के फैसले का सम्मान करती हैं। 19 सालों से चल रहा संघर्ष रंग लाया है। इस लड़ाई में जिसने भी सहयोग किया सबका धन्यवाद आभार।
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