प्रतापगढ़ समेत कई जिलों में दबिश
पकड़े गए आरोपी ने आसिफ दुर्रानी व उसके भाई राशिद के कई ठिकानों के बारे में भी पुलिस को जानकारी दी है। इस आधार पर पुलिस ने ऐनुद्दीनपुर, गौसपुर, चकिया के अलावा प्रतापगढ़, लखनऊ समेत आसपास के जनपदों में दबिश दी है, लेकिन घटना के 24 घंटे बाद भी आरोपियों गिरफ्तारी नहीं हो सकी है।
बिना नंबर प्लेट की बाइक से आए बदमाश फुटेज में कैद
पुलिस जांच में बुधवार शाम छह बजकर 30 मिनट 44 सेकंड के समय का एक सीसीटीवी फुटेज मिला है। जिसमें दिख रहा है कि बिना नंबर प्लेट की बाइक में दो बदमाश सवार है। इनमें से पीछे बैठा बदमाश सफेद शर्ट व चप्पल पहना है, जबकि चेहरे पर पीले रंग का गमछा लपेटे हुआ है। वहीं बाइक चला रहा बदमाश हल्के हरा रंग की बंद गले की फुट टी-शर्ट पहने है। उसका चेहरा काला कपड़े ढका है।
घटना से पहले बहन ने भी छोड़ा घर
दूसरी तरफ मृतक इरफान के बेटे मोहम्मद आमिर का आरोप है कि घटना से करीब एक-डेढ़ पहले पहले आसिफ की बहन अपना घर छोड़कर कहीं चली गई। यही नहीं, जल्दबाजी के चक्कर में उसने अपने घर के दरवाजे पर ताला भी नहीं लगाया है। हालांकि, पुलिस बयान के आधार पर सभी तथ्यों को खंगालने में जुट गई है, सभी आरोपियों की भूमिका पर जांच तेज कर दी गई है।
जिस रास्ते से आए उसी रास्ते से भागे बदमाश
जांच में पता चला कि दो बाइक पर सवार चार बदमाश अंधीपुर की तरफ से घटनास्थल पर पहुंचे थे और वारदात को अंजाम देते ही दोबारा उसी रास्ते से वापस मुड़ गए। बृहस्पतिवार को भी पुलिस करेली क्षेत्र के अंधीपुर, गौसपुर, ऐनुद्दीनपुर समेत अन्य रूटों पर लगे करीब 60 से ज्यादा कैमरों को खंगाला। जिससे पुलिस को कई सुराग मिला है।
मामले में रेकी करने वाले आरोपी को हिरासत में लिया गया है। पूछताछ में आरोपी आसिफ दुर्रानी को इरफान के बारे में जानकारी देने की बात सामने आई है। अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है, जल्द ही दबोच लिया जाएगा। - मनीष कुमार शांडिल्य, डीसीपी, नगर