कीडगंज व दारागंज में धनतेरस के दिन दो युवकों ने फांसी लगाकर जान दे दी। दोनों के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। न ही वजह स्पष्ट हो सकी है। पुलिस का कहना है कि जांच पड़ताल की जा रही है।
पहली घटना कीडगंज की है। मध्य प्रदेश के रीवा स्थित गढ़ थाना क्षेत्र के गंगतिरा मठ निवासी 21 वर्षीय संदीप दुबे पुत्र तुलसी दुबे दो भाइयों में बड़ा था। वह अपनी मां गीता देवी एवं भाई के साथ कीडगंज बाराखंभा मोहल्ले में किराए का कमरा लेकर रहता था। वह ट्रक चलाता था। मंगलवार देर शाम छोटा भाई मां को साथ लेकर बाजार गया था जबकि ,कमरे में संदीप अकेला था। जब उसकी मां और भाई लगभग 10 बजे वापस आए तो वह फांसी पर लटका मिला। सूचना पर पुलिस पहुंची और जांच पड़ताल के बाद शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। बुधवार को उसका पिता भी गांव से पहुंच गया। बताया कि संदीप हमेशा तनाव में रहता था।
उधर, दूसरी घटना दारागंज की है। गाजियाबाद जिले के मोदी नगर निवासी 30 वर्षीय रवि मल्होत्रा प्राइवेट काम करके दो बेटे और पत्नी सिमरन का पालन पोषण करता था। वह दारागंज मीरागली निवासी केशव निषाद के घर में किराये पर रहता था। रोज की तरह मंगलवार रात सभी सो गए। बुधवार भोर में पत्नी उठी तो एक कमरे का दरवाजा भीतर से बंद मिला। पहले उसने दरवाजा खटखटाया लेकिन जब कोई आहट नहीं आई तो खिड़की से देखने का प्रयास किया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने कमरे का दरवाजा तोड़ा तो रवि फांसी पर लटका मिला। पुलिस के मुताबिक, रवि ने प्रेम विवाह किया था और इस बात से परिवार के लोग नाराज थे। यही वजह है कि वह पत्नी व बच्चों को लेकर अलग रहता था। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है।