मेजा। मांडा के अछोला गांव के शिवम पाण्डेय की हत्या के दोनों आरोपियों नीरज मिश्रा और गौरव मिश्रा को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। बुधवार की पुलिस की कड़ी सुरक्षा के बीच शिवम के शव का अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान कई थानों की फोर्स के साथ एसपी यमुनापार और पीएसी के जवान डटे रहे। लोगों में हत्या की घटना को लेकर आक्रोश रहा।
अछोला गांव के शिवम पाण्डेय (20) की मेजा के गेदुराही नहर के पास मंगलवार सुबह साढ़े दस बजे गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। शिवम पाण्डेय के चाचा अनिल कुमार पाण्डेय की तहरीर पर पुलिस ने मदरा मुकुंदपुर के नीरज मिश्रा और दिघिया के गौरव मिश्रा के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज किया था। दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है। उनसे पूछताछ की जा रही है। पोस्टमार्टम के बाद शिवम का शव बुधवार को गांव पहुंचा तो कोहराम मच गया। अंतिम संस्कार के दौरान एसपी यमुनापार दीपेंद्र नाथ चौधरी, मेजा कोतवाल मनोज पाठक, एसओ मांडा प्रिंस दिक्षित सहित कई थानों की फोर्स डटी रही।
मुखाग्नि चाचा अनिल पांडेय ने दिया। घर में कोहराम मचा हुआ है। एसपी यमुनापार के मुताबिक दिघिया का गौरव मिश्रा मंगलवार सुबह शिवम पाण्डेय को अपनी बाइक पर बैठाकर मेजा के गेदुराही नहर के पास ले आया और फिर नीरज और गौरव ने शिवम की गोली मारकर हत्या कर दी। एसपी के मुताबिक दो दिन पहले पड़ोसी के घर पर नीरज पाण्डेय के पाए जाने पर शिवम समेत अन्य ने उसकी पिटाई कर दी थी। इसी दुश्मनी के कारण शिवम को मारा गया था।
मेजा। शिवम की गोली मारकर की गई हत्या से मां सुधा और भाई विवेक पूरी तरह से टूट गए हैं। मां रोते-रोते कही कि क्या जरूरत थी 22 सितंबर की रात में उसको पकड़कर मारपीट करने की। अगर, उसकी पिटाई न हुई होती तो शायद मेरे बेटे की जान न जाती। मां के करूण क्रंदन सुनकर हर कोई रोने लगा। दिव्यांग भाई तो इस कदर टूट गया कि वह रोते-रोते कहा कि अब किसका सहारा बचा है। वही मेरी और मां की सेवा करता था। उधर, बेटे की हत्या की खबर पाकर मुंबई में रह रहे पिता भी बीमार पड़ गए हैं। जिस वजह से बेटे के अंतिम संस्कार में भी नहीं पहुंच सके। अंतिम संस्कार के दौरान काफी भीड़ रही। इस दौरान विधायक मेजा के प्रतिनिधि जितेंद्र शुक्ला, अछोला के प्रधान टुनटुन तिवारी, दिघिया के प्रधान राम मिश्रा, विजयकांत मिश्रा, आशीष मिश्रा मुन्ना, जेरा के पूर्व प्रधान पप्पू दूबे, धीरज दूबे, छबिनाथ दूबे, लाल मिश्रा, विनय मिश्रा सहित सैकड़ों की तादाद में स्थानीय लोग मौजूद रहे। विधायक नीलम करवरिया ने परिवार को सांत्वना दी और हर संभव मदद का आश्वासन दिया।
फ्लाइट से आने की गुजारिश पर पिता ने किया इनकार
मेजा। विधायक मेजा नीलम करवरिया ने शिवम पाण्डेय के पिता से फोन पर गुजारिश किया कि फ्लाइट का टिकट करा दिया जाए आप उससे चले आइए। अंतिम संस्कार में शामिल हो लेंगे। लेकिन पिता ने कहा कि वह बीमार हैं। ट्रेन से ही आएंगे। पिता के रूंधे गले से निकल रही आवाज से विधायक भी अपनी आंख से आंसू नहीं रोंक सकीं। उधर, मां सुधा को ढांढ़स बंधाते वक्त भी विधायक रो पड़ीं। विधायक के आंख से आंसू निकलने पर वहां मौजूद लोग भी गमगीन हो गए।