किशोरी को अगवा करने के मामले में दर्ज फर्जी मुकदमें की पोल तब खुली जब गायब किशोरी को पुुलिस ने बरामद कर लिया।
किशोरी के बयान के आधार पर पुलिस ने आरोपी दूसरे युवक के खिलाफ बलात्कार व पास्को एक्ट के तहत मुकदमा पंजीकृत कर जेल भेज दिया। उधर फर्जी मुकदमें में फंसे युवक व उसके परिजनों ने खुशी जाहिर करते हुए फूलपुर पुलिस को धन्यवाद कहा।
फूलपुर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव की रहने वाली किशोरी को एक युवक 28 फरवरी को भगा ले गया। मामले में किशोरी की मां ने सरवाडीह गांव के रहने वाले आशीष कुमार व उसके परिजनों के खिलाफ किशोरी का अपहरण कर भगा ले जाने और बात करने पर जान से मारने की धमकी देने समेत विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कराया।
इस पर फूलपुर पुलिस कार्रवाई में जुट गई। रविवार को फूलपुर पुलिस ने किशोरी को सकुशल बरामद किया तो किशोरी ने बयान दिया कि फूलपुर कस्बे के इस्माइलगंज मोहल्ले का रहने वाला युवक उसे भगा ले गया और बलात्कार किया।
इस पर हरकत में आई पुलिस ने दानिश पुत्र मुश्ताक अहमद निवासी इस्माइलगंज कस्बा फूलपुर को गिरफ्तार किया तो सच्चाई की पोल खुल गई। इंस्पेक्टर फूलपुर दीनदयाल सिंह ने बताया कि किशोरी के परिजनों द्वारा सरवाडीह गांव के जिन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी पुलिस की जांच में गलत पाया गया।
इस पर पुलिस ने नामजद आरोपी आशीष कुमार व उसके परिजनों की नामजदगी गलत करते हुए उन पर दर्ज मुकदमें को हटा दिया और मुख्य आरोपी मो. दानिश पुत्र मुस्ताक अहमद निवासी इस्माइलगंज कस्बा फूलपुर के खिलाफ बलात्कार सहित विभिन्न धाराओं में केस दर्ज कर जेल भेज दिया। पुलिस द्वारा की गई इस कार्रवाई से गलत तरीके से आरोपी बनाए गए युवक के परिजनों ने राहत की सांस ली।