करीब 400 बच्चे करते रहे इंतजार
देर रात तक करीब 400 बच्चे अपने परिजनों का इंतजार करते रहे। उन्हें मेला प्रशासन कार्यालय के पास बने भूले-बिछड़े शिविर में बैठाया गया था। इनमें सात साल का रवि भी शामिल रहा। रवि बहराइच के माफी गांव से अपने दादा पल्लू एवं दादी कुशलता देवी के साथ आया था।
शवदाह गृह, थाने में भी बैठाए गए लोग
अपनों से बिछडे़ लोगों को थानों, शवदाह गृह समेत अन्य प्रमुख स्थानों पर बैठाया गया था। उद्घोषणा के दौरान उन स्थानों का भी जिक्र किया जा रहा था। ताकि, लोग आसानी से अपनों तक पहुंच सकें।
चार चोरों को किया पुलिस के हवाले
मेला क्षेत्र में चोरी की शिकायतें भी हुईं। सिविल डिफेंस के सदस्यों ने चार चोरों को रंगे हाथ पकड़ा और पुलिस के हवाले किया। खास यह कि इनमें तीन महिलाएं रहीं। सिविल डिफेंस की ओर से 54 लोगों को कंबल, 38 महिलाओं को साड़ी भी दी गईं। इनके सामान चोरी हो गए थे। कई लोगों को किराया देकर भी गंतव्य के लिए रवाना किया गया। सिविल डिफेंस की टीम माघ मेला के अलावा रेलवे स्टेशनों, बस स्टैंड आदि प्रमुख स्थानों पर भी तैनात रही। इनमें डिप्टी कंट्रोलर नरेंद्र शर्मा, चीफ वार्डन अनिल कुमार, राकेश तिवारी, रवि शंकर द्विवेदी आदि शामिल रहे।