कुंभ मेला क्षेत्र के सेक्टर-13 में प्रयागवाल सभा के शिविर स्थित तीन टेंटों में शनिवार शाम आग लग गई। इससे तीनों के भीतर रखा सामान जलकर राख हो गया। इन टेंटों में से एक इंग्लैंड से आए एनआरआई श्रद्धालु का था। आग का कारण फिलहाल शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है।
मेला क्षेत्र के सेक्टर-13 में प्रयागवाल सभा का शिविर स्थित है। इसके भीतर कुछ टेंटों को मिलाकर दुर्गा शिविर भी बनाया गया है। इसी दुर्गा शिविर के एक टेंट में इंग्लैंड से आए एनआरआई श्रद्धालु भी ठहरे हैं। वह मूल रूप से प्रतापगढ़ के रहने वाले हैं और एक दिन पहले ही शिविर में पहुंचे हैं। शनिवार शाम सात बजे के करीब अचानक उनके टेंट में आग लग गई। जब तक लोगों की नजर पड़ती, पूरा टेंट आग से घिर चुका था। आननफानन में फायर ब्रिगेड को सूचना दी गई। लेकिन, तब तक अगल-बगल के दो और टेंट आग की चपेट में आ गए। हर बीतते पल के साथ आग विकराल रूप धारण करती जा रही थी और लोग धू-धू कर जल रहे टेंटों को असहाय खड़े देखने को मजबूर थे।
इसी दौरान फायरब्रिगेड पहुंची और फायरकर्मी आग पर काबू पाने की कोशिशें करने लगे। उधर, शिविर में मौजूद सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भी सूझबूझ दिखाते हुए अन्य टेंटोें को जमीदोज कर दिया, जिससे कि आग उन तक न पहुंच पाए। कड़ी मशक्कत के बाद फायरकर्मी आग पर काबू पा सके। श्रद्धालुओं ने बताया कि तीनों टेंट के भीतर रखा पूरा सामान जलकर राख हो गया। उधर सीएफओ मेला प्रमोद शर्मा का कहना है कि सूचना पर फायरविभाग की टीम पहुंची और कुछ ही देर में आग का काबू पा लिया। एक टेंट पूरी तरह जल गया है जबकि दो टेंट का कुछ हिस्सा जला है।
गनीमत रही कि टेंट में आग लगने के कुछ देर बाद ही शिविर में घूम रहे श्रद्धालुओं की नजर इस पर पड़ गई। ऐसा न होेने पर स्थिति को नियंत्रित करना बेहद मुश्किल हो जाता। दरअसल इस शिविर में करीब एक हजार श्रद्धालु हैं। जिस वक्त आग लगी, सभी अपने-अपने टेंटों में मौजूद थे। शोर सुनकर सभी बाहर की ओर भागे और तब उनकी जान बच सकी।