आरोप है कि बच्चों से बचने से लिए प्रियंका ने किसी वस्तु से बच्चों के ऊपर हमला कर दिया। इससे लकी और सचिन नाम के दो बच्चे घायल हो गए। इससे आक्रोशित अभिभावक विद्यालय पर पहुंचकर हंगामा करने लगे। सूचना पाकर खंड शिक्षा अधिकारी ममता सरकार पहुंच गईं और उन्होंने किसी तरह से समझा बुझाकर अभिभावकों को शांत कराया और शिक्षकों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। बीईओ दोनों शिक्षिकाओं को लेकर अपने साथ चली गईं।
बुधवार को दोनों से स्पष्टीकरण मांगा गया था। जिस पर प्रियंका अवकाश पर चली गईं। संतोषजनक उत्तर न मिलने पर खंड शिक्षाधिकारी ममता सरकार ने इसकी रिपोर्ट बीएसए को सौंप दी। देर शाम बीएसए प्रवीण कुमार तिवारी ने प्रधानाधापिका कामिनी गौड़ को ब्लाक हंडिया के ताला गांव तथा प्रियंका श्रीवास्तव को दलित बस्ती मखरा प्राथमिक विद्यालय से संबद्ध कर दोनों का वेतन अग्रिम आदेश तक रोक दिया है।
खंड शिक्षा अधिकारी ममता सरकार ने बताया कि बीएसए द्वारा जारी आदेश की कापी शुक्रवार को दोनों को सौंप दी गई है। शुक्रवार को ही कामिनी गौड़ विद्यालय पहुंच कर दूसरे को कार्यभार दे कर चली गई, जबकि प्रियंका श्रीवास्तव अभी अवकाश पर हैं।