साइबर ठगी से ऐसे बचें
इस तरह की काॅल अक्सर व्हाॅटसएप पर आएगी।
डराने के लिए जालसाज खुद को पुलिस अधिकारी बताएगा।
गिरफ्तारी का डर या फिर आपको ब्लैकमेल करें तो तुरंत पुलिस को सूचित करें।
जालसाजों का अधिकतर काॅल +92 या +44 के नंबर से आएगा।
सोशल मीडिया प्लेटफाॅर्म पर किसी भी अंजान नंबर से आने वाली काॅल को जरूर चेक करें।
हेल्पलाइन नंबर 1930 और cybercrime.gov.in पर सूचना दें।
मैं जो कहूं करो, वरना बर्बाद कर दूंगा...
वहीं, शाहगंज थाना क्षेत्र में रहने वाली महिला ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि पति सऊदी अरब में रहते हैं। तीन मई को पति ने फेसबुक पर एक पोस्ट डाली थी। जिस पर उस्मान नामक एक आईडी से उसके बारे में अश्लील टिप्पणी की गई थी। महिला ने बताया कि पति ने जब उक्त आईडी पर बात की तो व्यक्ति ने उसे चरित्रहीन बता दिया। इसके बाद पति ने स्क्रीन शाॅट लेकर भेज दिया। इस पर जब व्यक्ति से चैट पर बात की तो उसने कहा कि मैं जो कहूं करो वरना बर्बाद कर दूंगा। पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है।