यमुनापार के मांडा इलाके में मंगलवार आधी रात सड़क पर गिरे शीशम के पेड़ से टकराकर इंडिगो कार खाई में जा गिरी। कार चला रहे मनीष सिंह की मौके पर ही मौत हो गई जबकि कार में बैठे चार अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पाकर मांडा पुलिस मौके पर पहुंची। घायलों को अस्पताल पहुंचाया गया। इधर अनहोनी की खबर मृतक के घर पहुंची तो कोहराम मच गया।
मांडा के चिलबिला गांव का मनीष सिंह (26) ईंट-भट्ठे का कारोबार करता था। वह मंगलवार को पड़ोसी गांव भरारी के संतू सिंह (26), रज्जू (24), जीतेंद्र (28) और बच्चन यादव के साथ शहर आया था। रात 10 बजे सभी घर के लिए चले। घर के पास ढाबे पर बैठकर पांचों ने खाना खाया। यहां से चले तो मनीष ने कार चला रहे बच्चन को पीछे भेज दिया और खुद ड्राइव करने लगा। सिरोमन गांव के सामने सड़क पर शीशम का पुराना पेड़ गिरा था। रात के अंधेरे में मनीष को पेड़ नजर नहीं आया और कार पेड़ से टकराने के बाद अनियंत्रित होकर खाई में चली गई।
रात के समय हादसा होने के चलते सड़क पर आवागमन कम था। जिसके घायलों को मदद भी नहीं मिली। काफी देर बाद गांव के लोग पहुंचे तो घायलों को बाहर निकाला गया। मांडा पुलिस भी मौके पर पहुंची। मनीष की मौत हो चुकी थी। बाकी को अस्पताल पहुंचाया गया। अनहोनी की खबर मनीष के घर पहुंची तो कोहराम मच गया। रोते बिलखते घरवाले घटनास्थल पर पहुंचे। मनीष का एक चचेरा भाई हादसे की जानकारी लेने बाइक लेकर घर से निकला था, रास्ते में वह भी बाइक से गिर कर घायल हो गया। मनीष तीन भाइयों में छोटा था।