मामले में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के आनुसांगिक संगठन सहकार भारती के पूर्व महामंत्री वीरेन्द्र पांडेय की शिकायत पर प्रदेश सरकार की ओर से कराई गयी एसआईटी जांच मे सपा सरकार में यूपी सहकारी संस्थागत सेवा मंडल की ओर से सहकारिता विभाग की संस्थाओं यूपी कोऑपरेटिव बैंक, यूपी सहकारी ग्राम विकास बैंक, जिला सहकारी बैंकों, पीसीसीएफ एवं उत्तर प्रदेश राज्य भंडारागार निगम में हुई 2300 भर्तियों में अभ्यर्थियों की ओआरएम शीट में बडे़ पैमाने पर हेराफेरी कर भर्ती परिणाम प्रभावित करने का आरोप है।
एसआईटी ने जांच कर सेवामंडल के तत्कालीन चेयरमैन ओमकार यादव, रामजतन यादव सचिव भूपेन्द्र विश्नोई, तत्कालीन प्रबंध निदेशक यूपी कोऑपरेटिव बैंक आरके सिंह सहित दर्जनों विभागीय अधिकारियों के खिलाफ 20 मई 2021 को प्राथमिकी दर्ज कराई थी। अब तक मामले में आरोप पत्र दाखिल नहीं किया गया है। इस पर याचिका दाखिल करते हुए प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करने की मांग की गई।