आठ नवंबर की रात 500 और 1000 के नोट बंद हो जाने के बाद जिन लोगों ने उस दिन सोने, चांदी आदि की खरीद-फरोख्त की है, वे अब एक्साइज डिर्पाटमेंट के निशाने पर आ गए हैं। बताया जा रहा है कि केंद्रीय उत्पाद शुल्क कार्यालय ने अब संबंधित तिथि में बड़े नोट खपाने वाले लोगों की जांच के लिए ज्वेलर्स की दुकानों में लगे सीसीटीवी फुटेज देखने की तैयारी की है।
मंगलवार आठ नवंबर की रात पीएम मोदी द्वारा जैसे ही 500 और 1000 के नोट रात 12 बजे से बंद किए जाने का ऐलान किया गया वैसे ही तमाम लोग अपने बड़े नोट लेकर शहर के सर्राफा मार्केट पहुंच गए। मीरगंज, सर्राफा गली, चौक समेत सर्राफा की तमाम दुकानों पर लोगों ने बड़े नोट खपाने के लिए सोने-चांदी आदि की खरीद की। ताकि उनका काला धन सफेद हो जाए। केंद्र सरकार के एक्साइज डिर्पाटमेंट को भी इसकी जानकारी है। विभाग द्वारा काला धन खपाने वाले लोगों की पहचान की जा रही है। बताया जा रहा है कि विभाग आठ नवंबर की रात सोने चांदी की खरीद फरोख्त करने वालों की पहचान करने के लिए संबंधित दुकानों की सीसीटीवी फुटेज तलब करने की तैयारी की है।
ऐसा इसलिए क्योंकि मीरगंज, सर्राफा गली आदि इलाकों की तमाम ज्वेलर्स की दुकानों में सुरक्षा की दृष्टि से सीसीटीवी कैमरे भी लगे हुए हैं। इस बारे में प्रयाग सर्राफा मंडल के अध्यक्ष कुलदीप सोनी का कहना है कि इस बात की चर्चा है कि एक्साइज डिर्पाटमेंट वाले सीसीटीवी फुटेज खंगाल सकते हैं। हालांकि अभी किसी भी दुकान में सीसीटीवी फुटेज को देखने कोई आया नहीं है। अगर कोई आता है तो निश्चित ही व्यापारी पूरा सहयोग करेंगे।
एक्साइज डिर्पाटमेंट द्वारा सीसीटीवी फुटेज खंगालने की भले ही तैयारी की जा रही हो लेकिन चर्चा इस बात की है कि आठ नवंबर की रात के सीसीटीवी फुटेज कुछ व्यापारियों ने डिलीट कर दिए हैं। ऐसे में विभाग की टीम आठ नवंबर की रात का सीसीटीवी फुटेज तलब करेगी तो उसे शायद ही कोई पुख्ता जानकारी मिल सके।