समन आदेश पर हाईकोर्ट की अंतरिम रोक, विरोधी पक्ष को नोटिस
इलाहाबाद हाईकोर्ट ने मुरादाबाद के ट्रायल कोर्ट की ओर से जारी समन आदेश पर अंतरिम रोक लगा दी है। साथ ही विरोधी पक्ष को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। यह आदेश न्यायमूर्ति अब्दुल शाहिद की एकल पीठ ने दिया।
मुरादाबाद के कांठ थाने में 2020 में याची दिलशाद और नौशाद पर हत्या के आरोप में प्राथमिकी दर्ज है। दोनों ने समन आदेश को हाईकोर्ट में चुनौती दी। याची के अधिवक्ता इम्तियाज हुसैन दलील दी कि पुलिस जांच के दौरान स्वतंत्र गवाहों के बयान से यह स्पष्ट हुआ था कि घटना के वक्त याचिकाकर्ता मौके पर नहीं थे। उनके खिलाफ कोई आरोप पत्र भी दाखिल नहीं हुआ। इसके बावजूद ट्रायल कोर्ट ने धारा-319 सीआरपीसी के तहत केवल गवाहों के आधार पर समन जारी कर दिया, जो कानूनन त्रुटिपूर्ण है।
वहीं, कोर्ट ने मामले को विचारणीय मानते हुए विपक्षी को तीन सप्ताह में जवाबी हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया। याचिकाकर्ता को उसके बाद दो सप्ताह में प्रत्युत्तर हलफनामा दाखिल करने का समय दिया है। इसके साथ ही ट्रायल कोर्ट के 28 अक्तूबर 2025 को जारी समन आदेश के परिचालन पर अंतरिम रोक लगा दी है।