दस बजे से शुरू होना था पेपर, 9.37 पर खोल दिया पर्चा
अशोक तिवारी के व्हाटसएप में में पेपर नौ बजकर 37 मिनट पर सेंड किया गया था। जबकि परीक्षा 10 बजे से होनी थी। दोनों को मौके से ही गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में पता चला कि प्रधानाचार्य राम नयन द्विवेदी की बेटी आकांक्षा द्विवेदी भी यह परीक्षा दे रही है। उसका सेंटर भारत स्काउट गाइड इंटर कॉलेज में था। राम नयन ने व्हाट्सएप के जरिए अपनी बेटी के लिए पेपर आउट किया था। उनके कहने पर ही अध्यापक अशोक तिवारी ने व्हाट्सएप से कॉलेज के वाइस प्रिंसिपल आकाश खरे तथा प्रिंसिपल के बेटे अनुग्रह द्विवेदी को पेपर भेजा था।
आकाश और अनुग्रह ने साल्वर वीरेंद्र कुमार से पेपर साल्व कराया था। एसटीएफ के डिप्टी एसपी नवेंदु सिंह ने बताया कि इस बात की जांच की जा रही है कि आकांक्षा द्विवेदी तक साल्व पेपर पहुंचा कि नहीं। फिलहाल इस मामले में वाइस प्रिंसिपल आकाश खरे, प्रिंसिपल के बेटे अनुग्रह द्विवेदी, बेटी आकांक्षा द्विवेदी और साल्वर वीरेंद्र कुमार को भी नामजद कर उनकी तलाश की जा रही है।