जसरा ब्लॉक के सरसेड़ी गांव में ग्राम पंचायत अधिकारी (वीडीओ) अनिल मालवीय और ग्राम प्रधान के बीच हुई मारपीट के मामले में पुलिस ने बृहस्पतिवार को पुलिस ने वीडीओ के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया। इससे विकास भवन और सभी ब्लॉकों में तैनात कर्मचारी भड़क गए और दफ्तरों में तालाबंदी हो गई।
सभी कर्मचारी विकास भवन में इकट्ठा हुए तो स्थिति नियंत्रण से बाहर होने लगी। एसपी यमुनापार एके राय और सीडीओ अटल कुमार राय ने मौके पर पहुंचकर कर्मचारियों को आश्वासन दिया कि दो दिनों में कर्मचारी के वीडीओ के खिलाफ दर्ज मुकदमा वापस ले लिया जाए और वीडीओ से मारपीट करने वालों की गिरफ्तारी की जाएगी। इस आश्वासन पर कर्मचारियों ने दो दिनों के लिए आंदोलन स्थगित करने का निर्णय लिया।
वीडीओ के समर्थन में विकास भवन और सभी विकास खंडों में बृहस्पतिवार को पूरी तरह से तालाबंदी रही। सभी ब्लॉकों के कर्मचारी सुबह से ही विकास भवन में जुट गए और धरना-प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस बीच कर्मचारियों को सूचना मिली कि पुलिस ने वीडीओ अनिल मालवीय के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है और वीडीओ से मारपीट करने वाले खुलेआम बाहर घूम रहे हैं। इस पर कर्मचारियों का गुस्सा भड़क गया और स्थिति नियंत्रण से बाहर होने लगी।
मामले को संभालने के लिए सीडीओ अटल कुमार राय और एससी यमुनापार मौक पर पहुंचे। उन्होंने आश्वासन दिया कि दो दिनों में वीडीओ के खिलाफ दर्ज एफआईआर वापस ली जाएगी। इस आश्वासन पर कर्मचारी मान गए लेकिन यह भी कहा कि दो दिनों में एफआईआर वापस नहीं ली गई और दोषी ग्राम प्रधान की गिरफ्तारी नहीं हुई तो फिर तालाबंदी की जाएगी। विकास भवन कर्मचारी महासंघ के अध्यक्ष नरसिंह के नेतृत्व में हुए धरना-प्रदर्शन में विनोद श्रीवास्तव, सुनील कुमार सिंह, राम चंद्र यादव, एनआर यादव, मकसूद अब्बास रिजवी, कमला कांत सोनकर, वकील अहमद, कमल श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।