जानें क्या है पूरा मामला...
इलाहाबाद विश्वविद्यालय (इविवि) के हॉस्टलो में रह रहे छात्रों को जुर्माना भरने और बकाया जमा करने का प्रमाण देने के बाद ही डिग्री प्रदान की जाएगी। विश्वविद्यालय प्रशासन ने पिछले दिनों हॉस्टल में रह रहे छात्रों पर प्रति माह पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया था। छात्रों ने जुर्माने की रकम जमा नहीं की है। अब इविवि प्रशासन की ओर से दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं कि छात्र पहले जुर्माना अदा करें, इसके बाद डिग्री दी जाएगी।
इविवि के हॉस्टलों पर बिजली बिल के सात करोड़ 55 लाख से 23 हजार 907 रुपये बकाया हैं। कोविड के कारण इविवि प्रशासन ने हॉस्टल आवंटन की प्रक्रिया रोक रखी है, इसके बावजूद हॉस्टलों में बड़ी संख्या में छात्र रह रहे हैं। कुछ दिनों पहले इविवि प्रशासन की बैठक में निर्णय लिया गया था कि हॉस्टल न छोडने वाले छात्रों से प्रति माह पांच हजार रुपये जुर्माना लिया जाए और इस रकम से बिजली का बिल अदा किया जाए। इस बाबत रजिस्ट्रार ने पांच अगस्त को नोटिफिकेशन भी जारी किया था।