एसआरएन अस्पताल में जूनियर डॉक्टर एक युवक पर भड़क गए। विवाद बढ़ा तो पहले जूनियर डॉक्टरों ने मिलकर पुरानी बिल्डिंग पीटा। इसके बाद चीरघर के पास पीटते हुए ले गए। वहां से कार में भरकर एसआरएन पुलिस चौकी में लाए। चौकी में भी डॉक्टरों ने बेरहमी से पीटा। सिपाहियों ने विरोध किया तो डॉक्टर युवक को घसीटते हुए लालबत्ती में खींच ले गए। सूचना पर कई थानों की फोर्स पहुंची तो डॉक्टरों ने उसे बाहर फेंक दिया। वहीं कोतवाली पुलिस ने पिटे हुए युवक का शांतिभंग में चालान कर दिया। पुलिस का कहना है कि डॉक्टरों ने तहरीर नहीं दी है।
कर्नलगंज का दिव्यांशु उर्फ गोलू चौरसिया(23) शनिवार शाम को एसआरएन अस्पताल किसी परिचित को देखने गया था। वहां उसका एक जूनियर डॉक्टर से कुछ पूछने को लेकर विवाद हो गया। इसके बाद जूनियर डॉक्टर मिलकर टूट पड़े। दिव्यांशु भागा तो उसे खदेड़कर चीरघर के पास दबोच कर पीटने लगे। उसे कार में भरकर एसआरएन पुलिस चौकी में लाया गया। यहां डॉक्टर उसे छोड़ नहीं रहे थे। इस पर सिपाहियों ने कंट्रोल रूम को सूचना देकर पुलिस फोर्स बुला ली। यह देखकर डॉक्टर युवक को लालबत्ती के कमरे में ले गए। लेकिन कई थानों के फोर्स आने लगी तो जूनियर डॉक्टर उसे बाहर फेंक कर चले गए। चौकी प्रभारी बादशाही मंडी ने बताया कि युवक का डॉक्टरों से विवाद हुआ था। युवक का शांतिभंग में चालान कर दिया गया है। डॉक्टरों ने तहरीर नहीं दी है।