फूल और आरती की सामग्री लेकर पहुंचे थे ग्रामीण
कांग्रेस प्रत्याशी सुनील शास्त्री के समर्थन में जसरा रामलीला मैदान पर सुबह से ही कांग्रेसियों की भीड़ लगने लगी। प्रचारित किया जाने लगा कि कुछ देर में ही वहां अरुण गोविल आने वाले हैं। देखते- देखते पूरा मैदान व बाजार अरुण गोविल को देखने वालों से भर गया। उस चुनाव के साक्षी रहे 80 वर्षीय शंभू खरे बताते हैं कि अरुण गोविल के लिए गांव के दूर-दूर से लोग अपने घरों से फूल और आरती की सामग्री लेकर आए थे। कांशीराम पहुंचे तो कार्यक्रमस्थल का नजारा ही बदल गया था। इसके बाद वह समर्थकों के साथ जसरा बाजार में दलित बस्ती के अंदर काका गुटकाई के घर के सामने सभा की।
अरुण को देखने के लिए जुटी भीड़ को देख उस समय झटका लगा, जब वह सभास्थल पर वीआईपी कार से पहुंचे। वह मुख्य सड़क से ही अपनी गाड़ी के ऊपर खड़े होकर भीड़ को संबोधित कर आगे बढ़ गए। उन्होंने सभास्थल के मंच तक जाना भी जरूरी नहीं समझा। इस चुनाव में विश्वनाथ प्रताप सिंह ने 2,02,996 मत प्राप्त कर ऐतिहासिक जीत दर्ज की थी। सुनील शास्त्री ने 92,245 मत प्राप्त किए थे। बसपा के उम्मीदवार के रूप में कांशीराम को 69,517 मिले थे।