महानगर के बाबरी मंडी इलाके के बहुचर्चित मो. तारिक हत्याकांड में मुख्य आरोपी युवा भाजपा नेता विनय वार्ष्णेय की बुधवार को न्यायालय में पेशी हुई। इस दौरान सातवें गवाह के रूप में तारिक के शव का पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर पी कुमार की गवाही हुई। डॉक्टर के बयान दर्ज करने के बाद अब इस मामले में न्यायालय ने 16 नवंबर तारीख नियत की है।
पिछले वर्ष बाबरी मंडी में सांप्रदायिक टकराव के दौरान मो. तारिक की हत्या हुई थी। इस मामले में नामजद युवा भाजपा नेता विनय वार्ष्णेय एटा जेल में निरुद्ध है। अपर सत्र न्यायालय 16 की अदालत में मुकदमे का सत्र परीक्षण चल रहा है। एडीजीसी गोपाल सिंह राणा व बचाव पक्ष के अधिवक्ता नीरज चौहान के अनुसार बुधवार को सातवें गवाह के रूप में डॉक्टर की गवाही की तारीख नियत थी। इसी क्रम में विनय को भी एटा जेल से लाया गया था। दोनों ने बताया कि डॉक्टर के बयान दर्ज करने के बाद न्यायालय ने अब 16 नवंबर तारीख नियत कर दी है। इधर, विनय को बेहद गुपचुप तरीके से लाया गया था। जब तक यह खबर प्रसारित हुई और लोग दीवानी पहुंचने लगे, तब तक विनय को वापस पुलिस वैन से रवाना कर दिया गया। फिर भी 20-25 युवक विनय से मिलने पहुंच गए थे।