चुनाव आयोग के निर्देश पर कोरोना से बचाव के लिए विधानसभा चुनाव में इस बार जिला प्रशासन ने स्वास्थ्य विभाग की मदद से कोविड हेल्प डेस्क स्थापित करने का निर्णय लिया है। यहां मास्क, सैनिटाइजर, हैंड ग्लब्स, थर्मल स्कैनर के साथ ही पीपीई (पर्सनल प्रोटेक्शन इक्यूपमेंट) उपलब्ध रहेगी। इस दौरान मतदाताओं को मास्क लगाना व दो गज की दूरी के नियमों का पालन करना अनिवार्य होगा। कोविड से पीड़ित या उससे जुड़े लक्षणों वाले मतदाताओं को पीपीई किट दी जाएगी। जिसे पहनकर ही वे मतदान कर सकेंगे।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी राकेश कुमार पटेल ने बताया कि मतदान के दौरान लोगों को कोरोना से बचाने के लिए हर बूथ पर कोविड हेल्प डेस्क बनाई जाएगी। यहां कोविड से बचाव के साधन उपलब्ध रहेंगे। इनमें मास्क, सैनिटाइजर, मेडिसिन किट, पर्सनल प्रोटेक्शन इक्यूपमेंट (पीपीई) किट, हैंड ग्लब्स व थर्मल स्कैनर शामिल हैं। इसमें पोलिंग बूथों पर तैनात पोलिंग एजेंटों की भी मदद ली जाएगी। उन्होंने बताया कि हर बूथ पर कम से कम 10 मेडिसिन किट उपलब्ध रहेंगी। नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों पर एंबुलेंस की सुविधा भी उपलब्ध रहेगी। बूथों पर व्हील चेयर की व्यवस्था भी रहेगी। प्रत्येक बूथ पर एक-एक आशा व आंगनबाड़ी कार्यकर्ता की ड्यूटी लगाई जाएगी। उन्होंने बताया कि जिस मतदाता में कोविड के लक्षण नजर आएंगे, उन्हें पीपीई किट उपलब्ध कराई जाएगी। किट पहनकर ही वे मतदान कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि मतदान के दिन सभी सामुदायिक व प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को खोले रखने को निर्देशित किया गया है।