पंचायत सेवा केंद्रों के निर्माण की धीमी गति पर मुख्य विकास अधिकारी ने कड़ी नाराजगी जताई है। उन्होंने सभी सेवा केंद्रों के निर्माण के लिये दस अगस्त तक का अल्टीमेटम दिया है। कहा कि यदि निर्धारित अवधि तक निर्माण का काम पूरा नहीं हुआ तो संबंधितों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
प्रदेश सरकार ने हर ग्राम पंचायत में ग्राम सचिवालय एवं पंचायत सेवा केंद्र स्थापित करने के निर्देश दिए हैं ताकि ग्रामीणों को छोटे-छोटे सरकारी कामों के लिए जिला मुख्यालय या तहसील तक न भटकना पड़े। इसके लिये स्थानीय स्तर पर काम चल रहा है। लेकिन काम की धीमी गति का आलम यह है कि तमाम प्रयासों के बाद भी जिले की 867 ग्राम पंचायतों में से अब तक 378 पंचायतों में पंचायत सेवा केंद्र बन सके हैं। जबकि 15 जुलाई तक केंद्र बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था। पिछले दिनों समीक्षा के दौरान मुख्य विकास अधिकारी अंकित खंडेलवाल ने सेवा केंद्र निर्माण की धीमी गति पर कड़ी नाराजगी जताई और काम की गति बढ़ाने के निर्देश दिए थे। जिला पंचायत राज अधिकारी धनंजय जायसवाल ने बताया कि मुख्य विकास अधिकारी ने दस अगस्त तक शत प्रतिशत पंचायत सेवा केंद्र बनाने और काम शुरू कराने के निर्देश दिए हैं।