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आगरा: घरों में सीवर का गंदा पानी भरने से महिलाओं का फूटा गुस्सा, सड़क पर जाम लगाकर प्रदर्शन

Sat, 05 Jun 2021 12:37 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा

सार

शिकायत करने के बाद भी जलभराव की समस्या का निराकरण नहीं किया है। शुक्रवार को महिलाओं के सब्र का बांध टूट गया और उन्होंने सड़क जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया।
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आगरा: घरों में सीवर का पानी भरने के बाद सड़कों पर उतरीं महिलाएं - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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आगरा के यमुनापार एत्माद्दौला के घाट बजरिया में जलभराव से परेशान महिलाओं ने सप्ताह भर के अंदर दूसरी बार घाट चौराहे पर जाम लगाया। घाट बजरिया की गलियों में नाला चोक होने के कारण जलभराव हो गया, जिसकी निकासी के लिए नगर निगम ने पंप लगाया, लेकिन पंप का पानी सड़क पर बहा दिया जो गलियों में फिर से बहने लगा। नाले की दुर्गंध से परेशान महिलाओं ने शुक्रवार सुबह सड़क पर सीढ़ियां रखकर जाम लगा दिया। जाम के दौरान प्रदर्शन कर रहीं महिलाएं सड़क पर लेट गईं। पुलिस ने आश्वासन देकर खुलवाया।

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एत्माद्दौला के घाट बजरिया क्षेत्र में भूमिगत नाला चोक होने के कारण एक महीने से गलियों और घरों में पानी भरा हुआ है। सप्ताह भर पहले भी महिलाओं ने जलभराव से त्रस्त होकर विरोध प्रदर्शन किया था, लेकिन तब नगर निगम ने पंप लगाकर गलियों से नाले का गंदा पानी निकलवाया। पंप लगने के कारण नाले का पानी सड़कों पर ही रोज बहाया जा रहा है, जहां से लोग निकल रहे हैं। यहां भूमिगत नाले की एक दीवार ढह गई है, जिसकी मरम्मत की मांग लंबे समय से की जा रही है। 

जाम के दौरान जमीन पर लेट गईं महिलाएं
घाट चौराहे पर सुबह ही महिलाएं घरों से बाहर निकल आईं। प्रदर्शन कर रही महिलाओं ने कहा कि जलनिकासी की कोई व्यवस्था नहीं है। नालियां चोक हो चुकी हैं और घरों में पानी भर जाता है। पंप से पानी पूरी तरह नहीं निकल रहा। जब पंप बंद करते हैं तो फिर से पानी भर जाता है। स्थायी समाधान न होने के कारण परेशानी बरकरार है। प्रदर्शन के दौरान महिलाएं सड़क पर लेट गईं। पुलिस ने जाम खुलवाने का प्रयास किया तो महिलाओं के साथ तकरार हो गई। पुलिस ने जैसे तैसे आश्वासन देकर जाम खुलवाया।

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एक महीने से भरा पानी
घाट बजरिया निवासी रजनी देवी ने कहा कि कोरोना की मार से पहले से ही जूझ रहे है। नाले का पानी एक महीने से गलियों, घरों में भरा हुआ है। गंदगी से बीमारी का खतरा है, पर नगर निगम हमारी समस्या दूर नहीं कर रहा। घाट चौराहा की शकुंतला देवी ने कहा कि घर में लोग बीमार हैं। कमरों, आंगन में पानी भर जाता है। पहले भी उन्होंने प्रदर्शन कर जाम लगाया, पर अब तक 7 दिनों में कोई निदान नहीं किया गया । 

पुलिया की दीवार टूटी
नवलगंज के पार्षद अब्दुल सलाम ने कहा कि नाले पर कब्जा है और पुलिया की दीवार टूट गई है, जिसके मलबे के कारण नाला रुक गया है। 7 दिन का समय इंजीनियर दे गए थे, पर काम शुरू नहीं किया। नगर निगम पंप पर डीजल फूंक रहा है, पर निर्माण नहीं करा रहा।
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