विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2022 के नतीजों में भगवान श्रीकृष्ण की नगरी भगवामय हो गई। सपा और रालोद की जुगलबंदी मथुरा जिले की किसी भी सीट पर कारगर नहीं हो सकी। यहां तक कि बसपा का प्रभाव भी इस बार खत्म हो गया। मथुरा से प्रदेश के ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा, छाता से मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण, बलदेव से विधायक पूरन प्रकाश, मांट से राजेश चौधरी और गोवर्धन से ठाकुर मेघश्याम सिंह ने जीत दर्ज की है।
मथुरा से श्रीकांत शर्मा रिकॉर्ड वोटों से जीते
गुरुवार को मंडी समिति में हुई मतगणना के नतीजों के अनुसार मथुरा विधानसभा में एक बार फिर भाजपा से ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा ने रिकॉर्ड जीत दर्ज की है। उन्होंने अपने पिछले रिकॉर्ड को पीछे छोड़ते हुए कांग्रेस उम्मीदवार प्रदीप माथुर को 109803 मतों से पराजित किया है। यहां भाजपा को 158859, कांग्रेस को 49056 और बसपा से चुनाव मैदान में उतरे भाजपा के विद्रोही उम्मीदवार सतीश कुमार शर्मा को 31551 मत मिले हैं। सबसे खराब प्रदर्शन सपा उम्मीदवार देवेंद्र अग्रवाल का रहा है। उन्हें 18476 मतों के साथ चौथे स्थान पर रहना पड़ा।
छाता से चौधरी लक्ष्मीनारायण बरकरार
छाता विधानसभा में भाजपा उम्मीदवार कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण ने एक बार जीत और एक बार हार की परंपरा को तोड़ते हुए जीत दर्ज की है। उन्होंने अपने चिरपरिचित प्रतिद्वंद्वी रालोद से ठाकुर तेजपाल सिंह को 48948 मतों से मात दी। चौधरी लक्ष्मीनारायण को 124414 और तेजपाल सिंह को 75466 मत मिले हैं। तीसरे स्थान पर बसपा के सोनपाल सिंह को 30214 और कांग्रेस से पूनम देवी 1481 मतों के साथ चौथे स्थान पर रहीं हैं।
गोवर्धन में मेधश्याम ने खिलाया कमल
गोवर्धन विधानसभा में भाजपा से मेघश्याम सिंह ने बसपा के राजकुमार रावत को 42507 मतों से हराया है। मेघश्याम को 100199 और राजकुमार रावत को 57692 मत मिले हैं। गठबंधन के रालोद उम्मीदवार प्रीतम सिंह को 55679 मतों के साथ तीसरे और कांग्रेस से दीपक चौधरी 3118 मतों के साथ चौथे स्थान पर रहे हैं।
बलदेव से पूरन प्रकाश दूसरी बार जीते
बलदेव सुरक्षित विधानसभा में भाजपा के मौजूदा विधायक पूरन प्रकाश को 108414 मत मिले हैं, जबकि प्रतिद्वंद्वी रालोद उम्मीदवार बबीता देवी को 831591 मत मिले हैं। इस तरह पूरन प्रकाश ने यहां भाजपा से दूसरी बार 25255 मतों से जीत दर्ज की है। बसपा के अशोक कुमार 48370 मतों के साथ तीसरे और कांग्रेस के उम्मीदवार विनेश सनवाल को 2248 मत मिले हैं।
मांट से राजेश चौधरी जीते
मांट विधानसभा में पहली बार चुनाव मैदान में उतरे राजेश चौधरी ने अप्रत्याशित नतीजे दिए हैं। उन्होंने आठ बार के विधायक बसपा उम्मीदवार श्याम सुंदर शर्मा को 9584 मतों से हराया है। यहां भाजपा को 83958 और बसपा को 74378 मत मिले हैं। सपा से डॉ. संजय लाठर को 60585 और कांग्रेस से सुमन चौधरी को महज 1281 वोट मिले हैं।
पहली बार भाजपा का कब्जा
आजादी के बाद यह पहला मौका है जब विधानसभा चुनावों में भाजपा ने जनपद की सभी पांच सीटों पर कब्जा किया किया है। यह स्थिति राम लहर के दौरान भी जनपद में नहीं बनी थी। उस वक्त भी 1989, 1991 और 1993 के चुनाव में जनता दल, लोकदल और कांग्रेस ने जीत दर्ज की थी।
छाता में 1989,1991 में भाजपा को जीत मिली, लेकिन गोकुल में जनता दल और लोकदल ने कब्जा किया। मांट में कांग्रेस का कब्जा था। यह पहली बार है कि मथुरा, बलदेव, छाता, मांट और गोवर्धन पर भाजपा काबिज हुई है। मांट को भी भाजपा ने बसपा से छीनकर भगवा झंडा फहरा दिया है।
फेल हुई जुगलबंदी : साइकिल पंचर, सूखा नल
जाट बाहुल्य मथुरा जनपद में रालोद का सपा से गठबंधन भी काम नहीं आया है। इस बार भी रालोद जनपद की पांच सीटों में से किसी पर अपना खाता नहीं खोल सकी है। यहां तक कि रालोद को सपा का सहारा भी काम नहीं आ सका। बलदेव में अवश्य रालोद को दूसरा स्थान तो गोवर्धन में तीसरे स्थान ही मिल सका है।
इसी तरह साइकिल एक बार फिर जनपद में पंचर रही। मथुरा और मांट में कोई खास चमत्कार सपा नहीं कर सकी। मांट में तीसरा स्थान तो मथुरा में चौथा स्थान सपा के खाते में गया है। जनपद में गठबंधन का सबसे खराब प्रदर्शन मथुरा शहरी सीट पर ही सपा को मिले चौथे स्थान के रूप में रहा है।