उज्जवला योजना की लाभार्थी भगवान देवी, गुड्डी और मंजू
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उन्हें उज्ज्वला योजना के तहत सिलिंडर और चूल्हा दिया गया। कुछ दिन तक उन्होंने गैस के चूल्हे पर खाना बनाया। रसोई गैस के बढ़ते दामों के कारण अब सिलिंडर और गैस चूल्हा कोने में रखे हैं। रोटी वाली अम्मा फिर से चूल्हा फूंक रही हैं। बोलीं कि गैस इतनी महंगी पड़ती है कि लागत भी नहीं निकल पाती।
अब बस की बात नहीं गैस चूल्हा जलाना
नौबस्ता निवासी मंजू पिछले महीने से स्टोव पर खाना बना रही हैं। उनको उज्ज्वला योजना में गैस सिलिंडर मिला हुआ है। उन्होंने बताया कि पहले गैस चूल्हे पर खाना बनाते थे। अब गैस महंगी होने से अंगीठी, स्टोव पर खाना बनाना सस्ता पड़ रहा है। सिलिंडर बहुत कम भराते हैं। अब गैस चूल्हे पर खाना बनाना आम आदमी के बस की बात नहीं। घर के बजट के हिसाब से चलना पड़ता है।
बजट में था तब तक जलाया गैस चूल्हा
पंचकुइयां निवासी गुड्डी का कहना है कि सरकार के सिलिंडर देने से क्या होगा अगर आम आदमी उसे महंगाई के चलते प्रयोग ही नहीं कर पाए। योजना के तहत सिलिंडर और चूल्हा मिला। जब तक बजट में था उनका उपयोग भी कर रहे थे लेकिन अब गैस चूल्हा बजट से बाहर हो गया है। फिर से मिट्टी के चूल्हे पर लौट आए हैं।
यह है योजना
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना में सरकार गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले परिवारों के लिए गैस सिलिंडर और चूल्हा निशुल्क मुहैया कराती है। इस योजना का लाभ केवल महिलाएं ही उठा सकती हैं। आवेदक महिला की आयु कम से कम 18 साल होनी चाहिए।
नौ महीने में चार बार बढे़ सिलिंडर पर दाम
पिछले नौ माह में घरेलू गैस पर चार बार दाम बढ़ गए हैं। 16 अगस्त, 2021 को दाम बढ़ने के बाद सिलिंडर 872. 50 रुपये, एक अक्तूबर 2021 को 897.50 रुपये, 21 मार्च, 2022 को 912.50 रुपये और वर्तमान में सिलेंडर 962.50 रुपये का मिल रहा है।