आगरा। 50 हजार के इनामी सिपाही की गिरफ्तारी के लिए एसटीएफ आगरा यूनिट को लगाया गया है। सिपाही सादाबाद थाने में दर्ज दुष्कर्म और पॉक्सो एक्ट के मुकदमे में दो साल से फरार है। मंगलवार को एसटीएफ टीम ने राजस्थान पुलिस के साथ भरतपुर के एक गांव में दबिश दी। हालांकि आरोपी और उसका जीजा फरार हो गए।
सादाबाद निवासी अजीत सिंह गाजियाबाद यातायात पुलिस में सिपाही था। उनके खिलाफ दो अगस्त, 2019 को सादाबाद थाना में दुष्कर्म, पॉक्सो एक्ट और जान से मारने की धमकी देने की धारा में मुकदमा दर्ज हुआ। उस पर किशोरी को घर में बुलाकर दुष्कर्म करने का आरोप था।
पांच नवंबर, 2019 को उस पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित कर दिया गया। तीन मार्च को तत्कालीन आईजी अलीगढ़ ने आरोपी पर इनाम बढ़ाकर 50 हजार रुपये कर दिया। अब एसटीएफ आगरा यूनिट को लगाया गया है।
एसटीएफ की टीम को इनपुट मिला था कि आरोपी सिपाही अजीत भरतपुर के कुम्हेर थाना क्षेत्र में साबोरा गांव में अपनी बहन के यहां छिपा हुआ है। निरीक्षक यतींद्र शर्मा के नेतृत्व में एसटीएफ की टीम एसएचओ कुम्हेर हवा सिंह और थाने के पुलिस फोर्स के साथ मंगलवार को साबोरा गांव पहुंची। यहां से आरोपी अजीत और उसका जीजा लोकेश जाट फरार हो गए। एसटीएफ की टीम राजस्थान में दबिश दे रही है।