रालोद अध्यक्ष जयंत चौधरी ने अग्निपथ योजना के खिलाफ खंदौली में पंचायत कर युवाओं से संवाद किया। उन्होंने मोदी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि अगर फौजियों को पेंशन नहीं मिलेगी तो सांसद-विधायक भी इसके हकदार नहीं हैं। केंद्र सरकार इनकी भी पेंशन बंद करे। अग्निपथ योजना का वह राज्यसभा में भी विरोध करेंगे। मंगलवार को यमुना एक्सप्रेसवे के इंटरचेंज गोल चक्कर मैदान में युवा महापंचायत करते हुए जयंत ने प्रधानमंत्री पर युवाओं की भावनाओं से खेलने का आरोप लगाते हुए योजना वापस लेने की मांग की।
रालोद मुखिया ने कहा की मोदी भारतीय सेना की परंपरा को समाप्त करना चाहते हैं। सैनिकों को पेंशन नहीं मिलेगी, तो इनका घर कैसे चलेगा। सभी विभागों में 60 लाख पद अभी भी रिक्त हैं, इनमें भर्तियां हों, जिससे युवाओं को रोजगार मिले। केंद्र सरकार सारे सरकारी उपक्रम बंद कर रही है, तो नौकरियां कैसे मिलेंगी। अग्निपथ के विरोध में युवा खुद सड़कों पर आए हैं, उन्हें भड़काया नहीं था। इन पर लगे मुकदमे वापस लिए जाएं।
पंचायत की अध्यक्षता गुल्ली प्रधान और संचालन जिलाध्यक्ष नरेंद्र बघेल ने किया। पंचायत में सादाबाद के विधायक गुड्डू चौधरी, कप्तान सिंह चाहर, डॉ. मालती चौधरी, चौधरी जगपाल, सपा नेता डॉ. वीरेंद्र चौहान, चौधरी रामवीर सिंह, राजू तोमर, रैली प्रभारी चेतन मलिक, भूदेव प्रधान, वीके चौधरी, सत्यवीर रावत, डॉ. रूपेश चौधरी, सौरभ चौधरी, सत्यवीर चौधरी, राजपाल यादव, बृजेश चाहर, केशव चौधरी, यशेंद्र आर्य, मानव चौधरी, दुर्गेश शुक्ला, जयपाल खिरवार, चौधरी गोपी चंद आदि मौजूद रहे।
बारिश से बचने के लिए मंच पर चढ़े, टूटा
पंचायत में जयंत चौधरी के आने का समय दोपहर 12 बजे दिया गया था, लेकिन वे 2:20 बजे पहुंचे। उनके पहुंचते ही बारिश शुरू हो गई उन्होंने बारिश में ही अपनी बात रखी। बारिश से बचने के लिए लोग मंच पर चढ़ गए। जिलाध्यक्ष नरेंद्र बघेल ने बताया कि ज्यादा लोगों के चढ़ जाने से मंच टूट गया। इस कारण जयंत चौधरी महज 20 मिनट ही सभा को संबोधित कर पाए।