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आरोप: आगरा में रालोद ने टिकट के बदले मांगे रुपये, जिलाध्यक्ष बोलीं- ये चरण सिंह की लोकदल नहीं है...अब प्लान बदल गया है

Tue, 18 Jan 2022 12:21 AM IST
Abhishek Saxena अमर उजाला ब्यूरो, आगरा

सार

टिकट बंटने के बाद आगरा में एक वीडियो वायरल हुआ है। जिसमें रालोद से चुनाव लड़ने के लिए सौदेबाजी की बात है।
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रालोद मुखिया जयंत (फाइल फोटो ) - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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पूर्व विधायक कालीचरण सुमन ने राष्ट्रीय लोकदल की जिलाध्यक्ष कुसुम चाहर पर टिकट के लिए सौदेबाजी की बातचीत का ऑडियो वायरल किया है। पूर्व विधायक ने आगरा ग्रामीण क्षेत्र से टिकट के लिए 20 लाख रुपये की बात कही। पूरी ऑडियो समेत पूर्व विधायक ने पार्टी अध्यक्ष जयंत चौधरी से शिकायत करने की बात कही है।
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पूर्व विधायक कालीचरण सुमन ने कहा कि जिलाध्यक्ष कुसुम चाहर के निवास पर नौ जनवरी को बुलाया। मुझसे शुरू से ही अप्रत्यक्ष रूप से टिकट के लिए बजट पूछ रही थीं, इसके चलते उन्होंने इनके घर पर हुई बैठक की रिकार्डिंग की, यह ऑडियो 34.26 मिनट का है। इसमें प्रधान जी, ब्लॉक प्रमुख के सामने जिलाध्यक्ष ने 20 लाख रुपये देने को कहा। मैंने कहा कि रुपये में टिकट मिलेगी तो वह नहीं लड़ पाएंगे। इस पर जिलाध्यक्ष कुसुम चाहर ने कहा कि यह अब चरण सिंह की लोकदल नहीं है, प्लान बदल गया है। कहा कि नेता रुपये नहीं ले रहा है और नहीं किसी जिलाध्यक्ष को बुला रहे। लेकिन कार्यालय में पार्टी अध्यक्ष का खास आदमी है, उससे मिल लो, 10-20 लाख रुपये में बात बन जाएगी। वैसे हमने तुम्हारे नाम की सिफारिश की है। नेता हमसे पूछेगा तो वह ओके कर देंगी। 
मेरी मिलती-जुलती आवाज वाली महिला का हो सकता है ऑडियो: कुसुम चाहर
रालोद जिलाध्यक्ष कुसुम चाहर का कहना है कि ऑडियो फर्जी है, उनके निवास पर बैठक नहीं हुई है और नहीं उनसे टिकट के लिए रुपये मांगे। जो ऑडियो वायरल की गई है, उसमें मेरी आवाज की मिलती-जुलती किसी और महिला की आवाज है। मुझे पर आरोप गलत हैं। 
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ऑडियो की मुख्य बातें:
- ये चरण सिंह की लोकदल नहीं है, अब प्लान बदल गया है।  
- हमारी पार्टी सत्ता में तो रही नहीं है, ऐसे में थोड़ा बहुत चलता है। 
- रुपये लेकर जाओ ओर दम से बात रखो, हमसे नेता पूछेगा तो हम मुहर लगा देंगे। 
- कार्यालय में गुर्जर हैं, जो जयंत के खास आदमी हैं, उनसे तुम्हारा नाम लिया है। 
- तुम्हारा ध्यान रखा जाएगा, औरों के लिए एक होगा तो तुम्हारे लिए 50, 50 होगा तो 25 में काम हो जाएगा।
- साम, दाम दंड और भेद अपनाओ।
- फोन दिखाओ, रिकार्डिंग तो नहीं कर रहे। कर भी लोगे तो हमारा क्या बिगड़ेगा।
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