फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: इकलौते बेटे की मौत से सदमे में मां, पुलिस भी न समझ रही बेचारी की पीड़ा...दर-दर की खा रही ठोकर

Fri, 12 Jul 2024 10:23 AM IST
धीरेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, आगरा

सार

आगरा की ग्रीन वैली कॉलोनी के गेट पर लगे ट्रांसफार्मर की सुरक्षा जाली में करंट उतरने से बच्चे की जान गई थी। इकलौते बेटे की मौत से मां सदमे में है। वो चाहती है कि बेटे को न्याय मिले, लेकिन पुलिस उसकी सुनने के लिए तैयार नहीं है।  
 
विज्ञापन
आगरा पुलिस, पुलिस आयुक्त, agra police, police commissioner - फोटो : संवाद
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आगरा के रुनकता स्थित ग्रीन वैली कॉलोनी के पास बुधवार की दोपहर करीब 2:30 बजे स्कूल से लौटते समय ट्रांसफॉर्मर की जाली में उतरे करंट से 8 वर्षीय छात्र वारिस की मौत हो गई। इकलौते बेटे की मौत से मां सदमे में है। उधर, पिता के तहरीर देने के बाद भी पुलिस ने केस दर्ज नहीं किया है।
विज्ञापन


वारिस इकलौता बेटा था। हादसे के बाद परिजन और कॉलोनीवासियों का गुस्सा फूटा। बिजली विभाग के अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग करते हुए लोगों ने करीब 4 घंटे तक शव पोस्टमार्टम के लिए नहीं जाने दिया। तहसील के अधिकारियों के आश्वासन पर लोग शांत हुए। दूसरे दिन भी विद्युत विभाग का कोई अधिकारी नहीं पहुंचा।

 

वारिस के पिता सुनील ने बताया कि बच्चे का पोस्टमार्टम होने के बाद बृहस्पतिवार दोपहर करीब 1 बजे थाना सिकंदरा जाकर लाइनमैन, अवर अभियंता रुनकता और अधिशासी अभियंता सिकंदरा के खिलाफ तहरीर दी। पुलिस कई घंटे तक उन्हें टहलाती रही। तहरीर लेने के बाद भी केस दर्ज नहीं किया। पिता का आरोप है कि रात भर मोर्चरी पर बिताई। सुबह 4:30 बजे पोस्टमार्टम कराया गया। प्रदर्शन के समय जल्द पोस्टमार्टम कराने का आश्वासन दिया गया था।

 

बिलखती मां पूछ रही कब आएगा बेटा
बिलखती हुई मां हर आने-जाने वाले से चीख चीखकर यही पूछ रही है कि उनका वारिस कब आएगा। रिश्तेदार और परिजन उन्हें समझाने के साथ अपने भी आंसू नहीं रोक पा रहे हैं। वहीं मां चीखने के बाद बेहोश हो जाती है। होश में आने के बाद फिर वह गेट तक दौड़ती है और लोगों से अपने बेटे के ही बारे में पूछने लगती है।

 
विज्ञापन

17 को था वारिस का जन्मदिन
वारिस का जन्मदिन 17 तारीख को था। घर में तैयारियां चल रही थीं। परिचित और रिश्तेदारों को निमंत्रण दे दिया गया था। घर में मानस पाठ का आयोजन भी था। पर, जन्मदिन से पहले ही हादसे ने बेटे को छीन लिया।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें