आरोपियों ने कहा कि उनके पास दोनों का आपत्तिजनक वीडियो भी है। बहन के ससुराली भी पंचायत में बैठे थे। बहन ने अपने ऊपर लगाए आरोप बेबुनियाद बताए। उन्होंने कहा कि वह उसे झूठा बदनाम कर रहे हैं। चरित्र पर लांछन लगाने से बहन को गहरा आहत पहुंचा। उसने रात में विषाक्त पदार्थ खा लिया। इससे उसकी मौत हो गई। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण नहीं पता चला। विसरा सुरक्षित रखा गया।
विसरा रिपोर्ट का इंतजार
थाना प्रभारी निरीक्षक देवेंद्र शंकर पांडेय ने बताया कि मामले में ढाई महीने बाद घटना की तहरीर मिली है। आत्महत्या क लिए दुष्प्रेरित करने की धारा में मुकदमा दर्ज किया गया है। इसमें प्रवेश, अरुण और सत्यवीर को नामजद किया है। विवेचना की जा रही है। साक्ष्य संकलन के बाद कार्रवाई की जाएगी। महिला की शादी को सात साल से अधिक हो गए थे। पहले परिजन ससुराल पक्ष पर आरोप लगा रहे थे। मगर, तहरीर नहीं दी थी। विसरा रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई होगी।
सदमे में है परिवार
पीड़ित भाई का कहना है कि बहन के दो अबोध बेटे हैं। उनके सिर से मां का साया उठ गया है। पूरा परिवार सदमे में हैं। झगड़े के बाद पुलिस कार्रवाई करती तो बहन जान नहीं देती। उसकी मौत के बाद भी मुकदमा नहीं लिखा गया। पुलिस विसरा रिपोर्ट का इंतजार करने की बात कह रही थी।
खंदौली में नहीं दर्ज हुआ था मुकदमा
तीन दिन में दूसरा मामला सामने आया है। छेड़छाड़ पीड़ित महिला ने खंदौली में आत्महत्या कर ली थी। पुलिस के सुनवाई नहीं करने पर महिला आहत थी। अब जगदीशपुरा में मामला सामने आया है, जब पीड़िता ने बदनाम करने पर आत्महत्या की है।