पूर्व मंत्री चौधरी बशीर और उन पर मुकदमा करने वाली नगमा
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आगरा में तीन तलाक के मामले में आरोपी पूर्व मंत्री चौधरी बशीर के अग्रिम जमानत प्रार्थनापत्र पर बुधवार को सुनवाई नहीं हो सकी। पीड़िता के अधिवक्ता की ओर से कहा गया कि वो पूर्व मंत्री के प्रार्थनापत्र के साथ दिए गए शपथपत्र के जवाब में अपना प्रति शपथपत्र दाखिल करना चाहती है। इस पर जिला जज नलिन कुमार श्रीवास्तव ने 16 अगस्त की तारीख सुनवाई के लिए सुनिश्चित की है।
गोबर चौकी करीम नगर निवासी नगमा का निकाह 11 नवंबर 2012 को मंटोला निवासी पूर्व मंत्री चौधरी बशीर से हुआ था। नगमा का आरोप है कि वह तीन वर्ष से मायके में दो बच्चों के साथ रह रही है। पिछले दिनों उसे पता चला कि शौहर ने छठवां निकाह कर लिया है। इस पर वो 23 जुलाई को ससुराल गईं। विरोध करने पर शौहर ने तीन तलाक बोलकर उसे घर से निकाल दिया था।
मामले में एसएसपी से शिकायत के बाद 31 जुलाई को थाना मंटोला में तीन तलाक का मुकदमा दर्ज किया गया। पीड़ित नगमा का आरोप है कि वह तीन साल से मायके में दो बच्चों के साथ रह रही है। इसका फायदा उठाकर पति ने छठवीं शादी कर ली। जब वो विरोध करने गई तो उसे चौधरी बशीर ने तीन तलाक बोलकर निकाल दिया। पुलिस के कार्रवाई नहीं करने पर पीड़िता एसएसपी से मिली थी।