फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UP: आगरा किले की दीवारों पर उगे बरगद-पीपल, पत्थरों में दरार; ऐतहासिक धरोहर का चौंकाने वाला हाल

Fri, 03 Jul 2026 09:43 AM IST
Dhirendra Singh अमर उजाला न्यूज नेटवर्क, आगरा

सार

मानसून से पहले हुई बारिश के बाद आगरा किले की लाल पत्थर की दीवारों पर पीपल और बरगद के पौधे तेजी से उग आए हैं, जिससे दीवारों में दरार और पत्थर गिरने का खतरा बढ़ गया है। एएसआई ने वैज्ञानिक तरीके से इन पौधों को हटाने की तैयारी शुरू कर दी है।
विज्ञापन
आगरा किला - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

 आगरा किले की लाल पत्थर से बनी दीवारें हरी नजर आ रही हैं। मानसून से पहले हुई बारिश में किले की दीवारों के जोड़ पर पीपल और बरगद के पौधे उग आए हैं जो तेजी से बढ़ रहे हैं। इससे पत्थरों में दरारें आने और उनके गिरने का खतरा मंडरा रहा है। पौधों की गहरी होती जड़ें किले की लाल पत्थरों की दीवारों को कमजोर कर रही हैं। 80 फीट से ज्यादा ऊंची किले की दीवारों पर चढ़कर इन्हें हटाना मुश्किल भरा है।
विज्ञापन


आगरा किला देखने आने वाले पर्यटक दीवारों पर उगे पौधे देखकर हैरान हो रहे हैं। आगरा फोर्ट रेलवे स्टेशन, डॉ. आंबेडकर पार्क और यमुना किनारा रोड की ओर किले की दीवारों और बुर्जों पर लगे पत्थरों के बीच में पीपल और बरगद के पौधे उग आए हैं जो अब बड़े हो रहे हैं। समय रहते इन पौधों को वैज्ञानिक तरीके से नहीं हटाया गया, तो दीवारों में बड़ी दरारें आ सकती हैं, जिससे पत्थरों के गिरने की आशंका है।

भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण के वरिष्ठ संरक्षण सहायक प्रिंस वाजपेयी ने बताया कि आगरा किले की खाई में बारिश से पहले सफाई का काम कराया जा रहा है। किले की ऊंची दीवारों पर बारिश में चढ़ना खतरनाक है। लंबे डंडाें की मदद से दीवारों पर उगे पौधों को हटाया जा रहा है लेकिन बड़े हो चुके पौधों को रस्से पर लटककर हटवाना होगा। कुछ दिन धूप निकलने पर बड़े पौधे हटवाए जाएंगे। दीवारों पर सिर्फ लटककर ही इन्हें हटवाया जा सकता है।
विज्ञापन


पिता-पुत्र के मकबरे पर लटके ताले
ट्रांसपोर्ट नगर के सामने एक-दूसरे से सटे बने सादिक खां और सलावत खां के मकबरे में पर्यटक प्रवेश नहीं कर पा रहे हैं। इनके प्रवेश द्वार पर ताला लगा है। दोनों स्मारकों पर पहुंचने वाले पर्यटक ताला देखकर वापस लौट जाते हैं। सुरक्षा कारण बताकर कर्मचारी ताला लगा देते हैं। आगरा एप्रूव्ड गाइड एसोसिएशन के अध्यक्ष शमशुद्दीन के मुताबिक मकबरे के गेट पर ताला नहीं लगाया जाना चाहिए। दोनों स्मारकों को नियमित रूप से खोला जाए और बुनियादी सुविधाएं विकसित की जाएं, तो यह आगरा के पर्यटन मानचित्र पर नया केंद्र बनकर उभर सकते हैं। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें