नमकीन खाकर नौ वर्षीय बच्ची की तबीयत बिगड़ गई। परिजनों ने बच्ची को निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां उपचार के बाद उसे छुट्टी दे दी गई है। ग्राम सुढ़रई निवासी प्रदीप शर्मा ने बेटी की तबियत बिगड़ने पर इसकी शिकायत फूड विभाग के अधिकारियों से की। टीम ने जांच की है। वहीं, भारतीय किसान यूनियन के कार्यकर्ताओं ने भी कार्रवाई की मांग की है।
सुढ़रई गांव निवासी प्रदीप शर्मा ने खाद विभाग की टीम को बताया कि सोमवार को कस्बे की ही एक दुकान से पैकेट बंद नमकीन नौ वर्षीय बेटी प्रियांशी को दिलाए थे। आरोप है इसे खाने के बाद बेटी की तबीयत खराब हो गई। उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। नमकीन के पैकेट पर देखा तो उस पर एक्सपायरी डेट पड़ी हुई थी, जिसकी शिकायत लेकर वह दुकानदार के पास पहुंचे।
आरोप है कि दुकानदार ने ध्यान नहीं दिया। शिकायत पर मंगलवार की दोपहर फूड विभाग के असिस्टेंट कमिश्नर महेश चंद श्रीवास्तव के नेतृत्व में टीम ने शमसाबाद पहुंचकर दिलीप एंड ब्रदर्स के यहां से क्रिप्सी स्ट्रोक ब्रांड के नमकीन हींग मटर के नमूने लिए। उन्होंने बताया है कि एक्सपायरी डेट की नमकीन नहीं मिली। नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे जाएंगे। जांच रिपोर्ट आने के बाद कार्रवाई की जाएगी।