आगरा। शहर में धोखाधड़ी के कई मामले सामने आए हैं। जगदीशपुरा में मकान और दुकान दिलाने के नाम पर मजदूरों से ठगी की गई। वहीं थाना ताजगंज क्षेत्र में नाैकरी दिलाने का झांसा देकर युवकों से धोखाधड़ी की गई। थाना एमएम गेट क्षेत्र में 25 लाख रुपये उधार लेकर नहीं दिए। सभी मामलों में पीड़ितों ने प्राथमिकी दर्ज कराई है। पुलिस साक्ष्य संकलन कर कार्रवाई की बात कह रही है।
केस- 1
पहला मामला थाना जगदीशपुरा क्षेत्र का है। आवास विकास काॅलोनी के सेक्टर-4 निवासी जीतू ने कोर्ट में प्रार्थनापत्र दिया था। कहा कि वह मजदूरी करता है। किराये के मकान में रहता है। उसके कई साथी भी साथ काम करते हैं। बाईंपुर निवासी रितेश उर्फ लवी कपूर ने सरकारी योजना में मकान और दुकान दिलाने का आश्वासन दिया। इसके एवज में उससे और साथियों नेमीचंद्र, सुरेशचंद, आनंद से 4.64 लाख रुपये ले लिए। बाद में उन्हें प्रधानमंत्री शहरी एवं ग्रामीण योजना के आवंटन पत्र दे दिए। जब वो पत्र लेकर नगर निगम गए तो अधिकारियों ने फर्जी बताए। आरोपी ने रुपये लौटाने से मना कर दिया। कोर्ट के आदेश पर थाना जगदीशपुरा में प्राथमिकी दर्ज की गई।
केस-2
एमपी पुरा गुम्मट, ताजगंज निवासी तुषार सिंह ने प्राथमिकी दर्ज कराई है। उन्होंने बताया कि वह ताजमहल स्थित शिल्पग्राम पार्किंग से गाइड का कार्य करते हैं। दिसंबर 2024 में शहीद नगर निवासी अरीब उर्फ अर्श हुसैन और फैजान से मुलाकात हुई थी। उन्होंने ऑनलाइन फूड डिलीवरी करने वाली कंपनी में नाैकरी का आश्वासन दिया। दोनों ने उससे और उसके परिचितों से दो लाख रुपये ले लिए। बाद में कई कंपनियों के नाम लेकर इंटरव्यू में चयनित कराने की कहते रहे। मगर नाैकरी नहीं लग सकी। रुपये मांगने पर फोन उठाने बंद कर दिए। वे भटक रहे हैं। डीसीपी सिटी सय्यद अली अब्बास ने बताया कि साक्ष्य संकलन कर कार्रवाई की जाएगी।
केस-3
नूरी दरवाजा निवासी राकेश कुमार गर्ग ने अपर पुलिस आयुक्त से शिकायत की। आरोप लगाया कि शाहगंज थाना क्षेत्र के एडीए फ्लैट निवासी पीयूष बंसल ने उनसे 25 लाख रुपये उधार लिए थे। तगादा करने पर जान से मारने की धमकी दी। वह परेशान हैं। थाना एमएम गेट में प्राथमिकी दर्ज की गई है। पुलिस का कहना है कि साक्ष्य संकलन किया जा रहा है।