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बेटी से हैवानियत पर सख्त सजा: दुष्कर्मी पिता को आखिरी सांस तक जेल, गर्भवती हुई थी पीड़िता

Tue, 13 Apr 2021 09:40 AM IST
Abhishek Saxena न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मथुरा

सार

पिता ने अपनी ही पुत्री के साथ 28 सप्ताह तक दुष्कर्म किया। गर्भवती होने पर मां को सच्चाई की जानकारी लग सकी। मां ने पति के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
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सांकेतिक तस्वीर
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विस्तार
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मथुरा जिले में नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म करने वाले पिता को अदालत ने आखिरी सांस तक सलाखों के पीछे रहने की सजा सुनाई है। मामला शहर के थाना गोविंद नगर क्षेत्र का है। यहां एक व्यक्ति ने अपनी बेटी के साथ 28 सप्ताह तक दुष्कर्म किया। पीड़िता के गर्भवती होने पर उसकी मां को जानकारी हुई। उसने आरोपी पति के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।

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थाना गोविंद नगर क्षेत्र की कॉलोनी में रह रहे एक मजदूर ने अपनी ही 15 वर्षीय बेटी के साथ दुष्कर्म किया था। मां को उस समय जानकारी हो सकी, जब बेटी गर्भवती हो गई। महिला ने 4 मई 2019 को इस संबंध में थाना गोविंद नगर में अपने पति के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। 

सुनवाई के दौरान अभियोजन ने पीड़ित बेटी और मां की गवाही कराई। सुनवाई करते हुए अपर सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायाधीश पॉक्सो-2 जहेंद्र पाल सिंह ने पीड़िता के आरोपी पिता को दोषी पाया। सोमवार को दोषी पिता को आखिरी सांस तक जेल में रहने की सजा सुनाई गई। 

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अदालत ने उस पर 50 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड की संपूर्ण धनराशि पीड़िता को दी जाएगी। एडीजीसी सुभाष चतुर्वेदी ने बताया कि वारदात के बाद से ही अभियुक्त जेल में था। अदालत ने सजा का वारंट जेल भिजवाया है। 

पीड़िता ने दिया पिता के बच्चे को जन्म
घटना के बाद जब मामला संज्ञान में आया तब तक बहुत देर हो चुकी थी। न्यायालय के आदेश पर पुत्री का गर्भपात कराने के लिए सीएमओ के निर्देशन में टीम का गठन किया गया। 

टीम ने न्यायालय को रिपोर्ट दी कि यदि गर्भपात कराया गया तो बेटी के जीवन को खतरा हो सकता है। इसे देखते हुए पुत्री ने पिता के दुष्कर्म से पैदा हुए बच्चे को जन्म दिया। एडीजीसी ने बताया कि जब मामला संज्ञान में आया तो उस समय पुत्री 28 सप्ताह 6 दिन की गर्भवती थी।


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