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UP News: सवालों के घेरे में कुत्तों की नसबंदी, लापरवाही का नतीजा भुगत रहे बेजुबान; नियमों की उड़ रहीं धज्जियां

Wed, 04 Sep 2024 10:22 AM IST
भूपेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, आगरा

सार

ताजनगरी में कुत्तों की नसबंदी का अभियान सवालों के घेरे में है। नगर निगम की लापरवाही का नतीजा बेजुबान भुगत रहे हैं। नियमों की धज्जियां उड़ रही हैं। 
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कुत्ते को पुलिस लाइन से कैसपर्स होम लेकर आए पुलिसकर्मी - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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उत्तर प्रदेश के आगरा में नगर निगम की ओर से चलाया जा रहा कुत्तों की नसबंदी का अभियान सवालों के घेरे में है। आरोप है कि पुलिस लाइन स्थित नॉर्थ ईदगाह कॉलोनी में एक कुत्ते को नसबंदी के चंद घंटे के बाद ही सड़क पर छोड़ दिया गया। उसकी हालत बिगड़ गई। लोगों की सूचना पर पुलिस ने पहुंचकर कुत्ते को कैस्पर्स होम में भर्ती कराया।

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कैस्पर्स होम की संचालिका विनीता अरोरा ने बताया कि नगर निगम की ओर से गली के कुत्तों की नसबंदी कराई जा रही है। इसके लिए कमला नगर में एबीसी सेंटर संचालित है। कुत्तों को संस्था की टीम पकड़कर ले जाती है। सर्जरी के बाद कुत्तों की देखभाल तीन से चार दिन तक करने का नियम है। मगर, इसका पालन नहीं किया जा रहा है।

रविवार को नार्थ ईदगाह कॉलोनी की एक महिला ने शिकायत की। बताया कि कुत्तों को टीम पकड़कर ले गई थी। इनमें से कुछ कुत्तों को नसबंदी के कुछ देर बाद ही छोड़ गई। इनमें से एक कुत्ते की हालत खराब है। टांके खुल गए हैं।
 

मदिया कटरा की सविता व्यास और शाहगंज के सलिल कुमार ने आरोप लगाया कि रोजाना कुत्तों को उठाया जा रहा है। टीम यह भी नहीं देख रही कि कुत्ते की पहले से नसबंदी हो रखी है या नहीं।
 
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जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी

नसबंदी के बाद कुत्तों के कान पर निशान बनाया जाता है। कहीं पर कुत्ते को सर्जरी के कुछ घंटे बाद ही छोड़ा गया है तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी। -अजय कुमार सिंह, पशु चिकित्साधिकारी, नगर निगम

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