आरोप है कि भर्ती होने के बाद से चिकित्सक बच्चे को देखने नहीं आए हैं। बच्चे के सिर का आकार इतना बढ़ गया है कि उसकी आंख-कान भी भिंचते जा रहे हैं। दर्द से वो कराह रहा है। जब बच्चे की हालत नहीं देखी गई तो सोशल मीडिया पर अपनी परेशानी बयां की। जानकारी होने पर प्राचार्य ने बाल रोग विभागाध्यक्ष को बच्चे के इलाज कराने को कहा।
प्राचार्य डॉ. संजय काला का कहना है कि सिर का ऑपरेशन होना है, न्यूरो सर्जन क्वारंटीन हैं। ऐसे में अन्य चिकित्सक को ऑपरेशन के लिए कह दिया है। वैसे इतने दिन से बच्चे को इलाज क्यों नहीं दिया गया, इसकी विभागाध्यक्ष से रिपोर्ट तलब की है।