सरिया और पाइप से ऐसे होता है धमाका
लोहे के पाइप के अंदर एक सरिया डाला जाता है जो नीचे-ऊपर होता है। इस औजार के निचले हिस्से में एक छेद होता है। जिससे गंधक पोटाश का मिश्रण पाइप के अंदर डाला जाता है। इसके बाद पाइप में सरिया से दबाव डालते हैं। जैसे ही गंधक पोटाश के मिश्रण पर दबाव पड़ता है तो तेज धमका होता है। आवाज के साथ ही औजार से धुआं निकालता है। धुआं से आंखों में जलन होने के साथ-साथ लोगों को सांस लेने में भी दिक्कत होती है।
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