वृंदावन के इस्कॉन मंदिर के पीआर डायरेक्टर (पब्लिक रिलेशन निदेशक) रहे सौरभ त्रिविक्रम दास की अहमदाबाद में संदिग्ध परिस्थिति में मौत हो गई। वृंदावन पुलिस ने सौरभ की मौत की पुष्टि करते हुए कहा कि जल्द ही गुजरात पुलिस वृंदावन आकर जांच करेगी। सौरभ पर गलत तरीके से रसीदें काटकर इस्कॉन के भक्तों से करीब एक करोड़ रुपये हड़पने का आरोप है। एक वर्ष पूर्व सौरभ के खिलाफ कोतवाली वृंदावन में फर्जीवाड़े और अमानत में खयानत का मुकदमा दर्ज कराया गया था।
सौरभ त्रिविक्रम दास ने वर्ष 2017 में इस्कॉन मंदिर के पीआर का पद संभाला था। वह मंदिर प्रबंधन पर विश्वास जमाता चला गया। वर्ष 2021 में पीआर डायरेक्टर पद संभाल लिया और इस्कॉन मंदिर की छपी रसीद अपने कब्जे में लीं। आरोप है कि सौरभ ने दानदाताओं की रकम को अपने व्यक्तिगत अकाउंट में एकत्रित करना शुरू कर दिया।
फरवरी 2021 से लापता था सौरभ
शक होने पर हिसाब मांगा गया को सौरभ ने मना कर दिया। 25 फरवरी 2021 से सौरभ गायब हो गया। उसने अपना मोबाइल भी बंद कर लिया था। इस्कॉन मंदिर के सचिव देवाशीष घोष ने 3 अप्रैल 2021 को सौरभ के खिलाफ मंदिर के नाम से फर्जी रसीद छपवाकर भक्तों से धन उगाही का आरोप लगाते हुए कोतवाली में मुकदमा दर्ज करवाया था।
शुक्रवार शाम को सौरभ द्वारा अहमदाबाद में आत्महत्या करने की तस्वीरें सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद इस्कॉन प्रबंधन को जानकारी हुई। इस्कॉन के पीआरओ रविलोचन दास ने बताया कि तस्वीर में सौरभ दास ही है। रमणरेती पुलिस चौकी प्रभारी ललित शर्मा ने बताया कि अहमदाबाद पुलिस से जानकारी करने पर पता लगा है कि आत्महत्या करने वाला सौरभ ही है। अहमदाबाद पुलिस जल्द ही पोस्टमार्टम रिपोर्ट के साथ जांच के लिए वृंदावन आएगी।